Saturday, March 28, 2020

विभिन्न देशों में कोरोनवायरस के प्रकोप की तुलना भ्रामक क्यों हो सकती है - और खतरनाक भी



 #Courtesy:इवाना कोटासोवा द्वारा, सी.एन.एन.

 (सीएनएन) जर्मनी में मृत्यु दर इतनी कम क्यों है?  कैसे आया यूके में तुलनात्मक रूप से कहीं कम मामले हैं?  और रूस में क्या हो रहा है?

 जॉन्स हॉपकिन्स यूनिवर्सिटी (JHU) द्वारा संकलित वैश्विक कोरोनवायरस मामलों का एक ऑनलाइन नक्शा, विश्वविद्यालय के अनुसार, हर दिन 1 बिलियन से अधिक बार देखा जा रहा है, जो अपने लिए आंकड़े देखना चाहते हैं।  एक बार महामारी विज्ञानियों के लिए आरक्षित प्रश्न अब दुनिया भर में डिनर टेबल और आसपास (आभासी) वाटर कूलर पर चर्चा की जा रही है।

 लेकिन क्या होगा अगर नंबर पूरी तस्वीर पेंट नहीं कर रहे हैं?

Friday, March 27, 2020

बीडीओ व थानाध्यक्ष ने जानलेवा वायरस से भयभीत लोगों के बीच सहयोग और जागरुकता की मचाई धमाल


बीडीओ बहादुरगंज जुल्फिकार आदिल और थानाध्यक्ष बहादुरगंज सुमन कुमार सिंह-
इन जोड़ियों ने जानलेवा वायरस से भयभीत लोगों के बीच सहयोग और जागरुकता की मचाई धमाल-
शशिकांत झा। (बिहार) /बिहार राज्य के किशनगंज जिले में ,जो भारत के नक्से पर अल्पसंख्यक जिला माना गया है ,वहां के डी एम आदित्य प्रकाश और एस पी कुमार आशिष के सफल नेतृत्व में नियाजी -झा जी और जुल्फीकार -सुमन ने कैरोना वायरस से लड़ने में लोगों से मिलकर मचाया धमाल ।जिससे देश के प्रधानमंत्री की अपील को यहाँ शतप्रतिशत लागू कराने में शांतिपूर्ण सफलता पाई है ।
अगर सच्चाईयों के आईने में झांका जाय तो --कोरोना वायरस से दो दो हाथ करने में इन जोड़ियों को जिले की सफलतम जोड़ी करार दिया जा रहा है ।जिस जोड़ी के द्वारा जिले में अमनचैन के अलावे आपसी भाईचारगी को कायम रखते हुए लोगों में केरोना के प्रति साहस तथा भयमुक्त वातावरण को स्थापित किया जा रहा है ।सरकारी घोषणाएं और उसके क्रियान्वयन के लिए उक्त जोड़ी आज एक मिशाल बनकर पूरे राज्य में अपनी अमिट छाप छोड़ते जा रहे हैं ।आज का वेहद अहम और जुम्मा को लेकर ये काफी संवेदनशील बने थे ।मस्जिदों में घूम घूमकर यहाँ के ईमामों से ये जुम्मे की नवाज घरों में पढ़ने के लिए लोगों से अपील करा रहे थे ।जिसमें इन्हें सफलता मिली और आज लोगों ने जुम्मे की अहम नवाज घरों में अदां की ।साथ हीं चैती दूर्गापूजा को शांतिपूर्वक घरों में मनाने एवं मंदिरों की भीड़ से बचने का महत्वपूर्ण रास्ता भी दिखाया ।फलतः ऐसी विपदाओं से अपने घरों में सिमटे लोगों पर इसका सकारात्मक प्रभाव भी देखने को मिला ।बताते चलें की आज की विषम परिस्थितियों में जिले के डी एम और एस पी ने ऐसी भयानकता से इतर अपने को लोगों के बीच खड़ा कर दिया है ।सारी विषम परिस्थितियों से लड़ने की पूरी तैयारियां जमीनी स्तर पर करते हुए अपने सहयोगियों को भी दिमागी तौर पर तैयार कर रखा है ।परिणाम सामने था जहाँ जिला ,अनुमंडल ,प्रखंडों और पंचायतों में भी इसका असर देखा जा सकता है ।जहाँ स्वास्थ्य विभाग ,सहित सभी विभागों के पदाधिकारियों सहित इनके सहयोगी इन विपरीत परिस्थितियों में हर तरह की परेशानियों को झेलने के लिए तत्पर दिख जाते हैं ।फलतः सशक्त प्रशासन एवं सशक्त समाज की तश्वीरें यहाँ उभर कर सामने आ चुकी है ।ऐसे में भारत नेपाल की सीम़ाओं से सटे तमाम प्रखंडों के बी डी ओ ,सी ओ ,एम ओ और थानाध्यक्षों की टीमें जहाँ सीमाओं से सटे पारगमन को सफलतम सीढियों को पार करते जा रहे हैं ।समान्य प्रशासन के अतिरिक्त पुलिस प्रशासन की भूमिकाएं इस जिले में नं.वन मानी जा रही है ।जहाँ मित्रता और वंधुत्व के मूलमंत्रों के सहारे पुलिस अहम भूमिकाओं में नजदीक से नजर आ रही है ।अगर केरोना का भय व्याप्त है तो चिकित्सा सेवाओं में चिकित्सकों के साथ पुलिस की अहम भूमिकाओं को भी काफी प्रभावी माना जाने लगा है ।ऐसे में जिले के आम नागरिकों में प्रशासनिक सेवाओं ,चिकित्सा सेवा एवं आवश्यक सेवाओं से जुड़े नीचे से जिला स्तरीय महकमाओं के लिए इज्जत और सम्मान का भाव जागृत है ।तभी तो सभी इस विषम परिस्थितियों में उन्हें अपना सम्मानजनक अभिवादन और सलाम पेश कर रहे हैं ।

बाहरी आगन्तुकों के क्षेत्रों में प्रवेश पर चिकित्सीय जाँच करा उनके भोजन की व्यवस्था का निर्णय



रांची। आज दिनांक-27.03. 2020 को 12ः30 बजे से पुलिस महानिदेशक, झारखण्ड की अध्यक्षता में पुलिस मुख्यालय, राँची स्थित सभागार में सभी जिला के पुलिस अधीक्षकों एवं क्षेत्रीय पुलिस उप-महानिरीक्षकों के साथ वीडियो कांफ्रेसिंग के माध्यम से कोरोना-वायरस (कोविड-19) के खतरे के मद्देनजर भारत सरकार के आदेश, जिसके तहत दिनांक-14.04.2020 तक देश-व्यापी पूर्णतया तालाबन्दी अर्थात् Lockdown घोषित है, के दौरान बाहरी आगन्तुकों जिनमें से अधिकतर के पास आजीविका के साधन उपलब्ध नहीं हैं, के संबंधित थाना क्षेत्रों में प्रवेश के दौरान आवश्यकतानुसार उनकी चिकित्सीय जाँच कराते ही उन्हें आवश्यकतानुसार भोजन की व्यवस्था कराने, भोजन वितरण कराने जिसके लिए थानावार/पुलिस-पिकेटवार, थाना/पिकेट परिसर में संबंधित विभाग (खाद्य आपूर्ति विभाग) एवं उपायुक्तों से समन्वय एवं सहयोग प्राप्त कर Community Kitchen की व्यवस्था तत्काल ही कराने तथा भोजन-आपूर्ति के समय Social Distence के मानक का पालन कराने का निर्देश पुलिस महानिदेशक, झारखण्ड के द्वारा सभी को दिया गया। Lockdown के दौरान बाहरी व्यक्तियों/आगन्तुकों (सामान्य नागरिकों अथवा छात्र/छात्राओं) के संबंधित क्षेत्रों में आगमन/प्रवेश पर उनकी जिलावार सूची (नाम, पिता का नाम, पता, सम्पर्क नम्बर, फोटोग्राफ सहित) का संधारण करने एवं आवश्यकतानुसार उनकी चिकित्सीय जाँचोपरान्त उन्हें गंतव्य स्थान पर भेजने हेतु सुविधायें उपलब्ध कराने, किसी नागरिक की आकस्मात मृत्यु के पश्चात् मृत शरीर को गंतव्य स्थान पर ले जाने, चिकित्सीय सुविधा के लिए एवं विशेष परिस्थिति में भ्रमण के दौरान आम जनता के आवागमन के दौरान आवश्यकतानुसार सहूलतें प्रदान करते हुए पुलिस के स्तर से आम लोगों के साथ शालीनता बरते जाने, आम जनता को Whatsapp/Twitter के माध्यम से पुलिस के कार्यों की जिलावार Response/Reply देने, कर्त्तव्य पर तैनात पुलिसकर्मियों को हर संभव एहतेयाती कदम उठाने हेतु जागरूक करते रहने का विशेष निर्देश बैठक के दौरान पुलिस महानिदेशक, झारखण्ड के स्तर से सभी जिलों को दिया गया। साथ हीं प्रिन्ट एवं इलेक्ट्रोनिक मीडिया को उनके आवागमन/भ्रमण तथा प्रेस-कवरेज के दौरान उनके पहचान-पत्र के आधार पर उन्हें सहूलतें प्रदान करने का भी निर्देश दिया गया।

बैठक के दौरान सभी जिला के पुलिस अधीक्षकों द्वारा बारी-बारी से Community Kitchen की व्यवस्था सहित आम जनता के सहायतार्थ हर संभव एहतेयाती कदम उठाने की बात कही गयी।
बैठक के दौरान श्री एम0 एल0 मीणा, अपर पुलिस महानिदेशक, अभियान, झारखण्ड, श्री नवीन कुमार सिंह, पुलिस महानिरीक्षक, मानवाधिकार, झारखण्ड एवं श्री साकेत कुमार सिंह, पुलिस महानिरीक्षक, अभियान, झारखण्ड ने भी सभी जिला के पुलिस अधीक्षकों एवं क्षेत्रीय पुलिस उप-महानिरीक्षकों को आवश्यक सुझाव प्रदान किये।
इस बैठक में पुलिस मुख्यालय स्तर पर श्री मुरारी लाल मीणा, अपर पुलिस महानिदेशक (अभियान), झारखण्ड, श्री नवीन कुमार सिंह, पुलिस महानिरीक्षक (मानवाधिकार), झारखण्ड, श्री साकेत कुमार सिंह, पुलिस महानिरीक्षक (अभियान), झारखण्ड एवं डॉ0 शम्स तब्रेज, ए0आई0जी0 टू डी0जी0पी0, झारखण्ड विशेष रूप से उपस्थित रहे।

Thursday, March 26, 2020

गिरिडीह उपायुक्त ने विषाणु संक्रमण को ले सहायता प्राप्त करने हेतु जिले भर के नम्बर किए जारी


*गिरिडीह जिला हेल्पलाइन नंबर....*

1. उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी- 9801790728
2. पुलिस अधीक्षक, गिरिडीह- 9431706326
3. नगर आयुक्त, नगर निगम- 9431381159
4. उप विकास आयुक्त- 6203318536
5. डायरेक्टर, डीआरडीए- 9939183116
6. ए.एसपी अभियान- 9431706402
7. अनुमंडल पदाधिकारी, गिरिडीह- 9973880966
8. अनुमंडल पदाधिकारी, खोरी महुआ- 8210023031
9. अनुमंडल पदाधिकारी, डुमरी- 9431313378
10. अनुमंडल पदाधिकारी, बगोदर सरिया- 9572940317
11. सिविल सर्जन- 9771691449
12. डॉ सिद्धार्थ सन्याल- 7903756699
13. एसडीपीओ, सदर- 9431706327
14. डीएसपी हेड क्वार्टर 1- 9431706328
15. डीएसपी हेड क्वार्टर 2 - 9431706330
16. एसडीपीओ, डुमरी- 9431386930
17. एसडीपीओ, खोरी महुआ- 8130780407
18. एसडीपीओ, बगोदर सरिया- 8987288911
19. डीएसपी, साइबर- 6204482925
20. जिला परिवहन पदाधिकारी- 9953329274
21. जिला आपूर्ति पदाधिकारी- 7979827376
22. JSLPS, DPM- 7765868088
====================
*कोरोना वायरस हेल्पलाइन नंबर*
*सेंट्रल हेल्पलाइन- 011-23978046, 1075*
*झारखंड हेल्पलाइन:- 104, 181*
*जिला नियंत्रण कक्ष हेल्पलाइन नंबर:-* *06532-228829, 9693143157*
---------------------------------------
*प्रखंडवार हेल्पलाइन नंबर....*

*गिरिडीह प्रखंड...*
BDO- 9065849573
CO- 7004540134
MOIC- 9304024068
O/C मुफ्फसिल- 8252761101
O/C पचम्बा- 9304886322
O/C नगर थाना- 9431706343
MO- 9608771003
JSLPS, BPO- 7205308446

*गांवा प्रखंड..*
DO CUM CO- 9835849764
MOIC- 8084793609
BSO/MO- 6202767485
SI, GAWAN- 8603145667
JSLPS, BPO- 9472718225

*जमुआ प्रखंड...*

BDO- 8084668038
CO- 9973246902
MOIC- 9431144366
MO- 9431921028
SHO- 8002281710
JSLPS, BPO- 9955150993

*सरिया प्रखंड...*
BDO- 6200295293
CO- 9110117188
MOIC- 9631288431
SHO- 9304676100
MO- 6201127590
JSLPS, BPO- 7004069438

*गांडेय प्रखंड...*
BDO- 9199475279
CO- 9717786143
MOIC- 9661597023
SHO- 7260014618
SHO अहिल्यापुर- 9955828899
SHO ताराटांड़- 8521069698
MO- 9608771003
JSLPS,BPO- 7870190352

*धनवार प्रखंड...*
BDO- 7903686027
CO- 9470133033
MOIC- 8340280970
O/C धनवार- 9570152266
MO- 7250790934
JSLPS, BPM- 9534104350

*पीरटांड़ प्रखंड...*
BDO- 7488005514
CO- 9431585755
MOIC- 9431221890
O/C पीरटांड़- 7004066404
O/C मधुबन- 7739114872
MO- 7250080769
JSLPS, BPM- 9929283374

*बगोदर प्रखंड...*
BDO- 8757289350
CO- 9934009514
MOIC- 9631288431
SHO- 7004558112
MO- 9304095843
JSLPS, Co-ordinator- 7004069438

*डुमरी प्रखंड....*
BDO- 9431394104
CO- 9431388134
MO- 7250080769
MOIC- 9576073315
JSLPS, BPM- 7903231881
डुमरी थाना- 7903969051

*प्रखंड बिरनी...*
BDO- 9523042771
CO- 8294880301
MOIC- 9771714838
SHO- 9204280125
MO- 9973065296

*तिसरी प्रखंड...*
BDO/CO- 9934991343
MOIC- 8130281878
SHO तिसरी- 7903550253
SHO लोकाय- 9304872342
MO- 7250790934
JSLPS, BPM- 9304717334


गिरिडीह उपायुक्त ने विषाणु संक्रमण को ले सहायता प्राप्त करने हेतु जिले भर के


*गिरिडीह जिला हेल्पलाइन नंबर....*

1. उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी- 9801790728
2. पुलिस अधीक्षक, गिरिडीह- 9431706326
3. नगर आयुक्त, नगर निगम- 9431381159
4. उप विकास आयुक्त- 6203318536
5. डायरेक्टर, डीआरडीए- 9939183116
6. ए.एसपी अभियान- 9431706402
7. अनुमंडल पदाधिकारी, गिरिडीह- 9973880966
8. अनुमंडल पदाधिकारी, खोरी महुआ- 8210023031
9. अनुमंडल पदाधिकारी, डुमरी- 9431313378
10. अनुमंडल पदाधिकारी, बगोदर सरिया- 9572940317
11. सिविल सर्जन- 9771691449
12. डॉ सिद्धार्थ सन्याल- 7903756699
13. एसडीपीओ, सदर- 9431706327
14. डीएसपी हेड क्वार्टर 1- 9431706328
15. डीएसपी हेड क्वार्टर 2 - 9431706330
16. एसडीपीओ, डुमरी- 9431386930
17. एसडीपीओ, खोरी महुआ- 8130780407
18. एसडीपीओ, बगोदर सरिया- 8987288911
19. डीएसपी, साइबर- 6204482925
20. जिला परिवहन पदाधिकारी- 9953329274
21. जिला आपूर्ति पदाधिकारी- 7979827376
22. JSLPS, DPM- 7765868088
====================
*कोरोना वायरस हेल्पलाइन नंबर*
*सेंट्रल हेल्पलाइन- 011-23978046, 1075*
*झारखंड हेल्पलाइन:- 104, 181*
*जिला नियंत्रण कक्ष हेल्पलाइन नंबर:-* *06532-228829, 9693143157*
---------------------------------------
*प्रखंडवार हेल्पलाइन नंबर....*

*गिरिडीह प्रखंड...*
BDO- 9065849573
CO- 7004540134
MOIC- 9304024068
O/C मुफ्फसिल- 8252761101
O/C पचम्बा- 9304886322
O/C नगर थाना- 9431706343
MO- 9608771003
JSLPS, BPO- 7205308446

*गांवा प्रखंड..*
DO CUM CO- 9835849764
MOIC- 8084793609
BSO/MO- 6202767485
SI, GAWAN- 8603145667
JSLPS, BPO- 9472718225

*जमुआ प्रखंड...*

BDO- 8084668038
CO- 9973246902
MOIC- 9431144366
MO- 9431921028
SHO- 8002281710
JSLPS, BPO- 9955150993

*सरिया प्रखंड...*
BDO- 6200295293
CO- 9110117188
MOIC- 9631288431
SHO- 9304676100
MO- 6201127590
JSLPS, BPO- 7004069438

*गांडेय प्रखंड...*
BDO- 9199475279
CO- 9717786143
MOIC- 9661597023
SHO- 7260014618
SHO अहिल्यापुर- 9955828899
SHO ताराटांड़- 8521069698
MO- 9608771003
JSLPS,BPO- 7870190352

*धनवार प्रखंड...*
BDO- 7903686027
CO- 9470133033
MOIC- 8340280970
O/C धनवार- 9570152266
MO- 7250790934
JSLPS, BPM- 9534104350

*पीरटांड़ प्रखंड...*
BDO- 7488005514
CO- 9431585755
MOIC- 9431221890
O/C पीरटांड़- 7004066404
O/C मधुबन- 7739114872
MO- 7250080769
JSLPS, BPM- 9929283374

*बगोदर प्रखंड...*
BDO- 8757289350
CO- 9934009514
MOIC- 9631288431
SHO- 7004558112
MO- 9304095843
JSLPS, Co-ordinator- 7004069438

*डुमरी प्रखंड....*
BDO- 9431394104
CO- 9431388134
MO- 7250080769
MOIC- 9576073315
JSLPS, BPM- 7903231881
डुमरी थाना- 7903969051

*प्रखंड बिरनी...*
BDO- 9523042771
CO- 8294880301
MOIC- 9771714838
SHO- 9204280125
MO- 9973065296

*तिसरी प्रखंड...*
BDO/CO- 9934991343
MOIC- 8130281878
SHO तिसरी- 7903550253
SHO लोकाय- 9304872342
MO- 7250790934
JSLPS, BPM- 9304717334


Tuesday, March 24, 2020

सीमेंट लदे ट्रक को पुलिस ने लॉक डाउन के दौरान पकड़ा,चालक को किया गिरफतार

गिरिडीह। लॉक डाउन के दौरान एक ट्रक द्वारा सीमेंट की बोरियां ले जाने के क्रम में गिरिडीह के पास जमा पुलिस ने ट्रक चालक को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। घटना शहर के बोलो चौक की है जहां ट्रक संख्या jh02 एक्स 97 61 के चालक अग्रज कुमार साव उम्र 25 वर्ष पिता सरयू प्रसाद साव ग्राम लेदा थाना मुफस्सिल जिला गिरिडीह, जा रहा था कि पुलिस ने उसे रोक लिया। बता दे कि लॉक डाउन के अंतर्गत स्थानीय समाचार पत्र, टीवी चैनल ,एवं अन्य स्रोतों से सर्वसाधारण को जानकारी दी गई थी कि पूर्णतः वाहनों का परिचालन आवश्यक सेवाओं को छोड़कर बंद रहेगा। साथ ही घरों से नहीं निकलने की अपील की गई थी। थाना प्रभारी ने प्राथमिकी में कहा है कि जानकारी होने के बावजूद भी ट्रक चालक ने जानबूझकर इसकी अवहेलना की। जो कि भादवि की धारा 188,269 व 270 के अंतर्गत दंडनीय अपराध है। जिस कारण ट्रक चालक को गिरफ्तार कर लिया गया।

Monday, March 23, 2020

आज तक के पत्रकार की कार्यालय जाने के क्रम में देश की राजधानी में पुलिसकर्मी द्वारा बेरहमी से पिटाई का एबीपीएस एस ने किया प्रतिकार


(आज तक के चर्चित पत्रकार नवीन कुमार को दिल्ली पुलिस ने दिनदहाड़े बेरहमी से पीटा है। ऐसा तब हुआ जब वह ड्यूटी पर अपने दफ़्तर जा रहे थे। नवीन ने इस पूरी घटना का ब्योरा अपने फ़ेसबुक पोस्ट पर एक पत्र के ज़रिए दिया है। पेश है उनका पूरा खत-संपादक)

प्यारे साथियों,

इस तरह से यह पत्र लिखना बहुत अजीब सा लग रहा है। लेकिन लगता है कि इस तरह से शायद मेरा दुख, मेरा क्षोभ और वह अपमान जिसकी आग मुझे ख़ाक कर देना चाहती है उससे कुछ हद तक राहत मिल जाए। एक बार को लगा न बताऊं। यह कहना कि पुलिस ने आपको सड़क पर पीटा है कितना बुरा एहसास है। लेकिन इसे बताना जरूरी भी लगता है ताकि आप समझ सकें कि आपके साथ क्या कुछ घट सकता है। वह भी देश की राजधानी में।

कोरोना से लड़ाई में मेरे सैकड़ों पत्रकार साथी बिना किसी बहाने के भरसक काम पर जुटे हुए हैं। मैं भी इसमें शामिल हूं। आज दोपहर डेढ़ बजे की बात है। मैं वसंतकुंज से नोएडा फिल्म सिटी अपने दफ्तर के लिए निकला था। सफदरजंग इन्क्लेव से होते हुए ग्रीन पार्क की तरफ मुड़ना था। वहीं पर एक तिराहा है जहां से एक रास्ता एम्स ट्रॉमा सेंटर की तरफ जाता है। भारी बैरिकेडिंग थी। पुलिस जांच कर रही थी। भारी जाम लगा हुआ था। मेरी बारी आने पर एक पुलिसवाला मेरी कार के पास आता है। मैंने नाम देखा ग्यारसी लाल यादव। दिल्ली पुलिस। मैंने अपना कार्ड दिखाया और कहा कि मैं पत्रकार हूं और दफ्तर जा रहा हूं। मेरी भी ड्यूटी है। उसने सबसे पहले मेरी कार से चाबी निकाल ली। और आई कार्ड लेकर आगे बढ़ गया। आगे का संवाद शब्दश: इस तरह था।

कॉन्स्टेबल ग्यारसी लाल यादव – माधर&^%$, धौंस दिखाता है। चल नीचे उतर। इधर आ।

मैं पीछे पीछे भागा। उसने दिल्ली पुलिस के दूसरे सिपाही को चाबी दी। मेरा फोन और वॉलेट दोनों बगल की सीट पर रखे थे। मैंने कहा आप ऐसा नहीं कर सकते। अपने अधिकारी से बात कराइए।

कॉन्स्टेबल ग्यारसी लाल यादव – मैं ही अधिकारी हूं माधर^%$।

मैंने कहा आप इस तरह से बात नहीं कर सकते। तब तक उसने एक वैन में धकेल दिया था। मैंने कहा मोबाइल और वॉलेट दीजिए। तब तक दो इंस्पेक्टर समेत कई लोग वहां पहुंच चुके थे। एक का नाम शिवकुमार था, दूसरे का शायद विजय, तीसरे का ईश्वर सिंह, चौथे का बच्चा सिंह।

मैंने कहा आप इस तरह नहीं कर सकते। आप मेरा फोन और वॉलेट दीजिए।

तब तक इंस्पेक्टर शिवकुमार ने कहा ऐसे नहीं मानेगा मारो हरामी को। और गिरफ्तार करो।

इतना कहना था कि तीनों पुलिस वालों ने कार में ही पीटना शुरु कर दिया। ग्यारसी लाल यादव ने मेरा मुंह बंद कर दिया था ताकि मैं चिल्ला न सकूं। मैं आतंकित था।

आस पास के जिन गाड़ियों की चेकिंग चल रही थी वो जुटने लगे तो पुलिस ने पीटना बंद कर दिया। मैं दहशत के मारे कांप रहा था। मैंने अपना फोन मांगा। तो उन्होंने मुझे वैन से ही जोर से धक्का दे दिया। मैं सड़क पर गिर पड़ा। एक आदमी ने मेरा फोन लाकर दिया। मैंने तुरंत दफ्तर में फोन करके इसके बारे में बताया।

मैंने सिर्फ इतना पूछा कि आप लोग किस थाने में तैनात हैं। इंस्पेक्टर शिव कुमार ने छूटते ही कहा तुम्हारे बाप के थाने में। ग्यारसी लाल यादव ने कहा हो गया या और दूं। उन्हीं के बीच से एक आदमी चिल्लाया सफदरजंग थाने में हैं बता देना अपने बाप को।

कार में बैठा तो लगा जैसे किसी ने बदन से सारा खून निचोड़ लिया हो। मेरा दिमाग सुन्न था। आंखों के आगे कुछ नजर नहीं आ रहा था। समझ नहीं पा रहा था कि इतने आंसू कहां से आए।

मुझे पता है कि जिस व्यवस्था में हम सब जीते हैं वहां इस तरह की घटनाओं का कोई वजूद नहीं। मुझे यह भी पता है कि चौराहे पर किसी को पीट देना पुलिस की आचार संहिता में कानून व्यवस्था बनाए रखना का एक अनुशासन है। और मुझे यह भी पता है कि इस शिकायत का कोई अर्थ नहीं।

फिर भी मैं इसे इसलिए लिख रहा हूं ताकि यह दर्ज हो सके कि हमारे बोलने, हमारे लिखने और हम जिस माहौल में जी रहे हैं उसमें कितना अंतर है। हमारी भावनाएं कितने दोयम दर्जे की हैं। हमारे राष्ट्रवादी अनुशासन का बोध कितना झूठा, कितना मनगढ़ंत और कितना बनावटी है।

यह सब कुछ जब मैं लिख रहा हूं तो मेरे हाथ कांप रहे हैं। मेरा लहू थक्के की तरह जमा हुआ है। मेरी पलकें पहाड़ की तरह भारी हैं और लगता है जैसे अपनी चमड़ी को काटकर धो डालूं नहीं तो ये पिघल जाएगी। अपने आप से घिन्न सी आ रही है।

यह सब साझा करने का मकसद आपकी सांत्वना हासिल करना नहीं। सिर्फ इतना है कि आप इस भयावह दौर को महसूस कर सकें। जब हमारी नागरिकता का गौरव बोध किसी कॉन्स्टेबल, किसी एसआई के जूते के नीचे चौराहे पर कुचल दी जाने वाली चीज है।

मैं शब्दों में इसे बयान नहीं कर सकता कि यह कितना अपमानजनक, कितना डरावना और कितना तकलीफदेह है। ऐसा लगता है जैसे यह सदमा किसी चट्टान की तरह मेरे सीने पर बैठ गया है और मेरी जान ले लेगा। और यह लिखना आसान नहीं था।

आपका साथी

नवीन

दूसरे राज्यों से आ रहे यात्रियों की स्थिति अत्यंत दयनीय,हैदराबाद से आ रहे फंसे धनबाद में


(सांकेतिकटीी)

धनबाद:कोयलांचल धनबाद में लगातार दूसरे राज्यों से लोग कोरोना के भय से पहुंच रहे हैं. वैसे लोग जो खासकर दूसरे राज्यों में मजदूरी करने के लिए गए थे वहां पर फैक्ट्रियां बंद होने की वजह से झारखंड वापस आ रहे हैं. ऐसा ही एक नजारा आज जिले के रणधीर वर्मा चौक पर देखने को मिला जो बमुश्किल से धनबाद तक पहुंच पाने में सफल हुए. लोगों को हजारीबाग के बरही अपने घर पहुंचना है.

आपको बता दें कि झारखंड के हजारीबाग के बरही के वैसे मजदूर जो हैदराबाद में काम कर रहे थे लेकिन वहां पर फैक्ट्रियां बंद होने की वजह से वे लोग किसी तरह हावड़ा तक पहुंचने में सफल हो पाए.हावड़ा पहुंचने के बाद वहां से एक मालवाहक गाड़ी रिजर्व कर 10 मजदूर झारखंड के लिए निकले लेकिन आज रणधीर वर्मा चौक पर पुलिस ने जांच के लिए उन्हें रोक लिया और उनकी जांच की गई. हालांकि जांच में कोई भी संदिग्ध सामने नहीं आए लेकिन उन्होंने जो अपनी दास्तान बताइए वह काफी दर्द भरी थी.

उन्होंने कहा कि वे लोग लगभग 4 दिनों से खाने के लिए तरस गए हैं. ट्रेनों में भी खाने को नहीं मिल रहा था और हावड़ा के बाद झारखंड के धनबाद पहुंचने तक भी उन्हें रास्ते में कहीं खाने-पीने की सामान नहीं मिल पाई है. अंत में जांच के बाद उन सभी मजदूरों को हजारीबाग के बरही जाने के लिए छोड़ दिया गया.

बगोदर में जनता कर्फ्यू को लेकर लोगों में दिखा उत्साह, घरो में रहें कैद,किया लॉक डाउन का स्वागत




Ashok Kumar.बगोदर/गिरिडीह। कोरोना से बचाव हेतु आमजनो में जागरूकता करने के उद्देश्य से यशस्वीं प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के निर्देश पर एक दिन का जनता कर्फ़्यू को लोगों ने जोरदार समर्थन किया၊ इधर बगोदर बाजार के व्यापारिक प्रतिष्ठानों सेलेकर फुटकर दुकानों सहित गली कूचों की खोमचा दुकानें तक सभी पूरी तरह बंद दिखे तथा लोग अपने अपने घरों में कैद रहे । बाहर पुरी तरह से विरान शांत लग रहा था
वहीं दूसरी ओर पूरी तरह से लोग सजग एवं सतर्क के साथ मास्क का प्रयोग कर रहे हैं၊ घनी अबादी वालेक्षेत्रो में पूरी तरह कर्फ्यू नजर आया सड़कों से वाहन गायब दिखे तथा गलियां एवं सड़कें सुनसान दिखी । अती व्यस्त एवं घनी आबादी वाले क्षेत्र पूरी तरह सुनसान दिखे । संकरी गलियों में बसी घनी आबादी वाले क्षेत्रों की लोगों में बिना किसी सखती के पूरी तरहां सन्नाटा पसरा हुआ था, तथा एक बच्चा तक इन संकरी गलियों में नजर नहीं आया।
जबकी आम दिनों में इन क्षेत्रो से निकलना मुश्किल होता था၊ बता दे की जनता कर्फ्यू के दौरान जैसे ही बजे की कहीं ताली तो कहीं थाली तो कहीं सुन्दर सुन्दर घण्टी की आवाज से चाहे वाह एक छोटा गाँव का टोला हैं, या बाजार सभी अपने अपने घरो के बाहर बजाते नजर आयें၊ वहीं बगोदर प्रशासन के द्वारा भी ठिक पाँच बजे ताली ओर थाली बजाते नजर आयें၊

बांग्लादेश सरकार ने इस्कॉन संतों को भारत में प्रवेश से रोका

चौंकाने वाली खबर 🚨  बांग्लादेश ने 63 इस्कॉन भिक्षुओं को भारत में प्रवेश करने से रोका सभी के पास वैध पासपोर्ट और वीज़ा थे। आव्रज...