Tuesday, February 1, 2022

केंद्रीय बजट 2022-23 एक नजर...

केंद्रीय बजट 2022-23 एक नजर 👇👇


सस्ते होंगे ये सामान
अगर बात बजट में सस्ते और महंगे सामान की करें तो विदेश से आने वाली मशीनरी सस्ती होगी और खेती के उपकरण भी सस्ते होंगे. कपड़े और चमड़े का सामान सस्ता होगा. 

हीरों के जेवर होंगे सस्ते
हीरों के जेवरात पर कस्टम ड्यूटी घटाई गई और छातों पर इंपोर्ट ड्यूटी 20 फीसदी बढ़ाई गई है. इस तरह हीरे के जेवर सस्ते होंगे और विदेश से आने वाले छातों पर भी ज्यादा पैसे खर्च करने होंगे.

विपक्ष बनाएगा इनकम टैक्स में राहत न मिलने को मुद्दा
विपक्ष कॉरपोरेट टैक्स और सरचार्ज में कटौती और इनकम टैक्स में कोई बदलाव नहीं करने के विषय को मुद्दा बनाएगी. कांग्रेस नेता और पूर्व वित्त मंत्री पी चिंदबरम 3.30 - 4 बजे प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगे.

आम आदमी को राहत नहीं, इनकम टैक्स स्लैब में कोई बदलाव नहीं किया गया
आम आदमी को इस बजट में इनकम टैक्स के मोर्चे पर कोई राहत नहीं मिली है और इनकम टैक्स स्लैब में कोई बदलाव नहीं किया गया है. इसका साफ अर्थ है कि टैक्स के रूप में जाने वाली पूंजी पर कोई बचत नहीं मिलेगी.

 जनवरी में GST कलेक्शन रिकॉर्ड लेवल पर पहुंचा
वित्त मंत्री ने बजट भाषण के दौरान कहा कि जनवरी में जीएसटी कलेक्शन रिकॉर्ड स्तर पर आया है. आर्थिक गतिविधियों में तेजी से जीएसटी कलेक्शन में महामारी के बावजूद अच्छा उछाल देखा गया है. 

एमएसएमई क्रेडिट पिछले 12 महीनों में सबसे तेजी से बढ़ा
अधिल शेट्टी, सीईओ, BankBazaar.com ने कहा ECLGS महामारी में MSMEs के लिए एक वरदान रहा है. इसकी समय सीमा बढ़ाने और आवंटन में वृद्धि एक अच्छा कदम है. अन्य क्षेत्रों की तुलना में एमएसएमई क्रेडिट पिछले 12 महीनों में सबसे तेजी से बढ़ा है.

क्रिप्टोकरेंसी से आय पर 30 फीसदी का टैक्स
वर्चुअल डिजिटल ऐसेट से आमदनी पर 30 फीसदी का टैक्स लगेगा. इसका साफ अर्थ है कि क्रिप्टोकरेंसी भी इसके दायरे में आ जाएगी और क्रिप्टोकरेंसी से आय पर 30 फीसदी का टैक्स लगेगा. 

बजट में फिनटेक और डिजिटलीकरण पर स्पष्ट जोर
अधिल शेट्टी, सीईओ, BankBazaar.com ने कहा है कि बजट में फिनटेक और डिजिटलीकरण पर स्पष्ट जोर नजर आ रहा है. डिजिटलीकरण, फिनटेक और लेनदेन की लागत कम करने पर स्पष्ट जोर है. एटीएम, नेटबैंकिंग, भुगतान एप के माध्यम से डाक बचत को अंतःप्रचालनीय बनाने से वरिष्ठ नागरिकों और ग्रामीण लोगों को सुविधा मिलेगी. रुपे और यूपीआई के जरिए एमडीआर शुल्क में सब्सिडी देने का फैसला सकारात्मक कदम है.

 वित्त मंत्री
वित्त मंत्र निर्मला सीतारमण टैक्स से जुड़े एलान कर रही हैं और उन्होंने कहा है कि आईटीआर में गड़बड़ी को सुधार करने के लिए 2 साल का समय मिलेगा.

वित्त मंत्री के बजट भाषण की बड़ी बातें

वन नेशन, वन रजिस्ट्रेशन पॉलिसी को लाया जाएगा.

राज्यों को 1 लाख करोड़ रुपये दिए जाएंगे.

महिलाओं के लिए पोषण 2.0 योजना की शुरुआत होगी.

60 किलोमीटर लंबे 8 रोपवे का निर्माण किया जाएगा. 

5जी स्पेक्ट्रम के लिए ब्रॉडबैंड का आवंटन जल्द किया जाएगा. 

शेयर बाजार में उछाल
शेयर बाजार में बजट के दौरान अच्छा उछाल देखा जा रहा है और सेंसेक्स 1000 अंकों से ज्यादा ऊपर चला गया है. 

ब्लॉक चेन तकनीक पर आधारित होगी डिजिटल करेंसी
वित्त मंत्री ने बताया कि आरबीआई की डिजिटल करेंसी ब्लॉक चेन तकनीक पर आधारित होगी. डिजिटल करेंसी को मजबूत करने के लिए ढांचा बढ़ाया जाएगा. 

RBI साल 2022 में डिजिटल करेंसी लॉन्च करेगा
RBI साल 2022 में डिजिटल करेंसी लॉन्च करेगा और इसके जरिए डिजिटल करेंसी का देश में आधिकारिक लॉन्च होगा. 


सौर ऊर्जा उत्पादन के लिए बजट में जोर- वित्त मंत्री
सौर ऊर्जा उत्पादन के लिए इस बजट मे 19,500 करोड़ रुपये का आवंटन बढ़ाया गया है और देश में इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए नए चार्जिंग स्टेशन्स लगाए जाएंगे. देश में सौर ऊर्जा के लिए सोलर पैनल आधारित बिजली प्रोजेक्ट्स के विकास पर जोर दिया जाएगा. 


रक्षा में अनुसंधान या रिसर्च के लिए 25 फीसदी बजट बढ़ा- वित्त मंत्री

वित्त मंत्री ने एलान किया है कि सरकार की ओर से रक्षा में अनुसंधान या रिसर्च के लिए 25 फीसदी बजट एलोकेशन बढ़ाया जाएगा. इस बजट में डिफेंस सेक्टर के लिए काफी ध्यान दिया जा रहा है क्योंकि सीमाओं पर अतिरिक्त परिस्थितियां हैं.

3 करोड़ परिवारों तक नल से स्वच्छ पेयजल पहुंचेगा.

सरकारी खरीद पेपरलेस होगी.

2022 में 5G सर्विस शुरू होगी- वित्त मंत्री

साल 2022 में 5G सर्विस शुरू की जाएगी और गांवों में ब्रॉडबैंड सर्विस मुहैया कराने के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलप किया जाएगा. टेलीकॉम सेक्टर में नौकरी के नए अवसर तलाशे जाएंगे. 

इस साल से मिलेंगे ई-पासपोर्ट- वित्त मंत्री

वित्त मंत्री ने एलान किया है कि इस साल से देश में ई-पासपोर्ट मिलने लगेंगे और उनमें चिप लगी होंगी. ई-पासपोर्ट के लिए पासपोर्ट सेवा केंद्रों को अपग्रेड किया जाएगा और वहां पर नई तकनीक आधारित पासपोर्ट सेवाओं को मुहैया कराने के लिए एलोकेशन किया जाएगा. 
 
साल 2022-23 में 80 लाख नए घरों का निर्माण होगा- वित्त मंत्री

साल 2022-23 में 80 लाख नए घरों का निर्माण होगा और इसके तहत 48,000 करोड़ रुपये की राशि आवंटित की जाएगी. नए घरों के लिए शहरी क्षेत्रों में ज्यादा राशि आवंटित की जाएगी और ग्रामीण इलाकों के लिए आधुनिक घरों का निर्माण किया जाएगा. 


बजट की अब तक की बड़ी बातें संक्षिप्त में

केन-बेतवा प्रोजेक्ट के लिए 14,00 करोड़ रुपये दिए जाएंगे. 

400 वंदे भारत ट्रेनों का उत्पादन अगले 3 साल में किया जाएगा.

पीपीपी मॉडल के जरिए रेलवे के गुड्स सेक्टर का विस्तार होगा. 

750 नई ई-लैब्स बनाई जाएंगी और इनके जरिए टेस्टिंग पर जोर होगा.

इस साल से चिप लगे पासपोर्ट आ जाएंगे.

निर्यात को बढ़ावा देने पर जोर देने के लिए SEZ की जगह नया कानून लाया जाएगा.

2 लाख आंगनबाड़ी को अपग्रेड किया जाएगा.

महिलाओं के लिए 3 नई योजनाओं को शुरू किया जा रहा है.

2022 में 5G सर्विस शुरू होगी- वित्त मंत्री

साल 2022 में 5G सर्विस शुरू की जाएगी और गांवों में ब्रॉडबैंड सर्विस मुहैया कराने के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलप किया जाएगा. टेलीकॉम सेक्टर में नौकरी के नए अवसर तलाशे जाएंगे. 


इस साल से मिलेंगे ई-पासपोर्ट- वित्त मंत्री

वित्त मंत्री ने एलान किया है कि इस साल से देश में ई-पासपोर्ट मिलने लगेंगे और उनमें चिप लगी होंगी. ई-पासपोर्ट के लिए पासपोर्ट सेवा केंद्रों को अपग्रेड किया जाएगा और वहां पर नई तकनीक आधारित पासपोर्ट सेवाओं को मुहैया कराने के लिए एलोकेशन किया जाएगा. 


पोस्ट ऑफिस में भी अब ऑनलाइन ट्रांसफर संभव- वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण

पोस्ट ऑफिस में भी अब ऑनलाइन ट्रांसफर हो सकेगा और डाकघर कोर बैंकिंग सेवा के तहत आएंगे. 75 जिलों में डिजिटल बैंकिंग की शुरुआत की जाएगी. 2022 से डाकघरों में डिजिटल बैंकिंग पर कामकाज किया जाएगा. डाकघरों में ATM की सुविधा होगी. 


साल 2022-23 में 80 लाख नए घरों का निर्माण होगा- वित्त मंत्री

साल 2022-23 में 80 लाख नए घरों का निर्माण होगा और इसके तहत 48,000 करोड़ रुपये की राशि आवंटित की जाएगी. नए घरों के लिए शहरी क्षेत्रों में ज्यादा राशि आवंटित की जाएगी और ग्रामीण इलाकों के लिए आधुनिक घरों का निर्माण किया जाएगा. 


बजट की अब तक की बड़ी बातें संक्षिप्त में

केन-बेतवा प्रोजेक्ट के लिए 14,00 करोड़ रुपये दिए जाएंगे. 

400 वंदे भारत ट्रेनों का उत्पादन अगले 3 साल में किया जाएगा.

पीपीपी मॉडल के जरिए रेलवे के गुड्स सेक्टर का विस्तार होगा. 

750 नई ई-लैब्स बनाई जाएंगी और इनके जरिए टेस्टिंग पर जोर होगा.

इस साल से चिप लगे पासपोर्ट आ जाएंगे.


शिक्षा के क्षेत्र में वित्त मंत्री के एलान
शिक्षा के क्षेत्र की बात की जाए तो डिजिटल यूनिवर्सिटी बनाई जाएंगी और स्कूलों में हर क्लास में टीवी लगाया जाएगा. युवा शक्ति को स्किल इंडिया मिशन के जरिए और स्किल्ड वर्कर बनाने पर सरकारी योजनाओं के तहत काम किया जाएगा. लोगों के लिए आजीविका के साधन बढ़ाए जा सकें इसके लिए सरकारी प्रोजेक्ट्स की संख्या बढ़ाई जाएगी. 


किसानों के जीवन की बेहतरी के लिए सरकार प्रतिबद्ध- वित्त मंत्री
किसानों के खाते में MSP के जरिए 2.37 करोड़ रुपये सरकार ने भेजे हैं और आर्गेनिक खेती करने वाले किसानों को प्रोत्साहन दिया जाएगा. सरकार की ओर से रसायन और कीटनाशक मुक्त खेती का प्रसार बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है. 


किसानों को डिजिटल सेवाएं दी जाएंगी- वित्त मंत्री ने कहा
वित्त मंत्री ने कहा कि किसानों को डिजिटल सेवाएं दी जाएंगी और भारत में गरीबी मिटाने के लक्ष्य पर पुरजोर रूप से कार्य किया जाएगा. ड्रोन के जरिए कृषि क्षेत्र को बढ़ावा देंगे. 100 गति शक्ति कार्गो टर्मिनट बनाए जाएंगे. 


सिंचाई-पेयजल को बढ़ाने पर जोर- वित्त मंत्री

25 हजार किलोमीटर के नेशनल हाईवे के विकास के लिए 20,000 करोड़ रुपये का खर्च किया जाएगा. देश में 5 बड़ी नदियों को जोड़ने के लिए जल संसाधन विकास मंत्रालय की भी मदद से कार्य किया जाएगा. देश में सिंचाई और पेयजल के लिए योजनाओं पर काम किया जा रहा है और गंगा किनारे बसे किसानों को मदद दी जाएगी.


आर्थिक विकास दर 9 फीसदी से ज्यादा रहेगी-वित्त मंत्री
वित्त वर्ष 2021-22 में देश की आर्थिक विकास दर 9.2 फीसदी रहने का अनुमान है और अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए सरकार के प्रयासों का नतीजा देखने को मिल रहा है. देश में 25 हजार किलोमीटर का हाईवे विकसित होगा. देश की 5 बड़ी नदियों को जोड़ने की योजना है.

LIC का आईपीओ जल्दवित्त मंत्री

निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में कहा कि एलआईसी का आईपीओ जल्द आएगा और इसके लिए जरूरी कार्यवाही का काम सुचारू रूप से चल रहा है. देश में आईटी और प्राइवेट सेक्टर को बढ़ावा दिया जाएगा और मॉडर्न इंफ्रास्ट्रक्चर पर फोकस किया जाएगा.

अगले 3 सालों में नई वंदे भारत ट्रेनों को लाया जाएगा
वित्त मंत्री ने कहा कि आने वाले सालों में 25 हजार किलोमीटर का हाईवे तैयार किया जाएगा. अगले 3 सालोमें 400 नई वंदे भारत ट्रेनों को लाया जाएगा. देश में 60 लाख नई नौकरियों का प्रबंध किया जाएगा. सरकार के पास 30 लाख अतिरिक्त नौकरी देने की क्षमता है.

Monday, January 31, 2022

बड़ी खबर: झारखंड में आपदा प्रबंधन की बैठक के बाद मिली बड़ी छूट,खुल रहे सभी कक्षाओं के स्कूल्स


झारखण्ड में लॉकडाउन में सरकार ने बड़ी राहत दे दी है।कोरोना संक्रमण के घटते मामले को लेकर 31 जनवरी सोमवार को आपदा प्रबंधन प्राधिकार की अहम बैठक हुई।इसकी अध्यक्षता मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने की है। इसमें आपदा और स्वास्थ्य मंत्री, मुख्य सचिव सुखदेव सिंह समेत तमाम पदाधिकारी मौजूद थे।बैठक में अहम फैसला लिया गया कि 17 जिले में स्कूलों के तमाम क्लास में पढ़ाई शुरू कर दी जायेगी। कक्षा 1 से लेकर ऊपर के सारे क्लास चलेंगे।लेकिन 7 जिलों में पाबंदी स्कूलों में रहेगी। इन सात जिले में जमशेदपुर,सरायकेला-खरसावां,बोकारो,राँची,सिमडेगा,चतरा,देवघर जिले में कक्षा 9 से ऊपर के क्लास चलेंगे।सारे कॉलेजों को संचालित करने का आदेश दे दिया गया है।इसके अलावा सारे जिम को खोल दिये गये है।वहीं स्टेडियम में खेल तो होंगे,लेकिन दर्शकों के जाने की इजाजत नहीं होगी।रात 8 बजे के बाद की बंदिशें बरकरार रखी गयी है और रात 8 बजे के बाद बंदिशें हटाने पर अगले बैठक में निर्णय होगी। कोरोना के संक्रमण के घटते डर को देखते हुए यह फैसला लिया गया है।वहीं विवाह समारोह में 100 लोगो को पहले इजाजत थी,जिसको बढ़ाकर 200 लोग तय कर दिया गया है रेस्टोरेंट जैसे चल रहे थे, वैसे ही चलेंगे। जबकि स्कूल -कॉलेज हो या कोई भी जगहकोरोना प्रोटोकॉल का उल्लंघन करने की इजाजत नहीं दी जायेगी।•

इसके साथ ही सरकारी और निजी दफतरों में 50 प्रतिशत संख्याबल के साथ ही ऑफिस खोलने का आदेश जारी हुआ था. राज्य सरकार के द्वारा जारी वर्तमान पाबंदियां 31 जनवरी तक के लिए ही लागु थी. लेकिन कोरोना के मामलों में कमी और संक्रमण के खतरे को कम होता देख आपदा प्रबंधन प्राधिकार की बैठक कर कई तरह की पाबंदियों से राहत दी गयी है।

इन पाबंदियों से मिली राहत

-सभी कॉलेजों को खोलने का आदेश दिया गया है.

-17 जिलों में कक्षा 1 से कक्षा 12वीं तक खुलेंगी, 7 जिलों में 9वीं से 12वीं तक की कक्षाएं खुलेंगी.

-राँची में कक्षा 9वीं से 12वीं तक ही ऑफलाइन माध्यम से खुलेंगी स्कूल.

-राँची, पूर्वी सिंहभूम, बोकारो, सिमडेगा, चतरा, देवघर, सरायकेला में कक्षा 9वीं से 12वीं तक की कक्षाएं खुलेंगी.

Sunday, January 30, 2022

बारिश की पूर्व सूचना देता है कानपुर का जगन्नाथ मंदिर




क्या आप कल्पना कर सकते हैं किसी ऐसे भवन की जिसकी छत चिलचिलाती धूप में टपकने लगे बारिश की शुरुआत होते ही जिसकी छत से पानी टपकना बंद हो जाए।
ये घटना है तो हैरान कर देने वाली लेकिन सच है उत्तर प्रदेश की औद्योगिक नगरी कहे जाने वाले कानपुर जनपद के भीतरगांव विकास खंड से ठीक तीन किलोमीटर की दूरी पर एक गांव है बेहटा।
यहीं पर है धूप में छत से पानी की बूंदों के टपकने और बारिश में छत के रिसाव के बंद होने का रहस्य।

 यह घटनाक्रम किसी आम ईमारत या भवन में नहीं बल्कि यह होता है भगवान जगन्नाथ के अति प्राचीन मंदिर में
छत टपकने से हो जाती है बारिश की आहट -

ग्रामीण बताते हैं कि बारिश होने के छह-सात दिन पहले मंदिर की छत से पानी की बूंदे टपकने लगती हैं इतना ही नहीं जिस आकार की बूंदे टपकती हैं उसी आधार पर बारिश होती है
अब तो लोग मंदिर की छत टपकने के संदेश को समझकर जमीनों को जोतने के लिए निकल पड़ते हैं हैरानी में डालने वाली बात यह भी है कि जैसे ही बारिश शुरु होती है छत अंदर से पूरी तरह सूख जाती है।

वैज्ञानिक भी नहीं जान पाए रहस्य -
मंदिर की प्राचीनता व छत टपकने के रहस्य के बारे में मंदिर के पुजारी बताते हैं कि पुरातत्व विशेषज्ञ एवं वैज्ञानिक कई दफा आए लेकिन इसके रहस्य को नहीं जान पाए हैं अभी तक बस इतना पता चल पाया है कि मंदिर के जीर्णोद्धार का कार्य 11वीं सदी में किया गया था।

मंदिर की बनावट बौद्ध मठ की तरह है। इसकी दिवारें 14 फीट मोटी हैं जिससे इसके सम्राट अशोक के शासन काल में बनाए जाने के अनुमान लगाए जा रहे हैं वहीं मंदिर के बाहर मोर का निशान व चक्र बने होने से चक्रवर्ती सम्राट हर्षवर्धन के कार्यकाल में बने होने के कयास भी लगाए जाते हैं लेकिन इसके निर्माण का ठीक-ठीक अनुमान अभी नहीं लग पाया है
भगवान जगन्नाथ का यह मंदिर अति प्राचीन है मंदिर में भगवान जगन्नाथ  बलदाऊ व सुभद्रा की काले चिकने पत्थरों की मूर्तियां विराजमान हैं प्रांगण में सूर्यदेव और पद्मनाभम की मूर्तियां भी हैं जगन्नाथ पुरी की तरह यहां भी स्थानीय लोगों द्वारा भगवान जगन्नाथ की यात्रा निकाली जाती है लोगों की आस्था मंदिर के साथ गहरे से जुड़ी है लोग दर्शन करने के लिए आते रहते हैं ।

बांग्लादेश सरकार ने इस्कॉन संतों को भारत में प्रवेश से रोका

चौंकाने वाली खबर 🚨  बांग्लादेश ने 63 इस्कॉन भिक्षुओं को भारत में प्रवेश करने से रोका सभी के पास वैध पासपोर्ट और वीज़ा थे। आव्रज...