Saturday, March 23, 2019

तीन नेत्रहीन शिशुओं की बदनशीब माँ को है किसी फरिश्ते का इन्तेज़ार !

                                                                         

रांची ၊     अधिवक्ता सुधीर श्रीवास्तव के आवेदन पर डी एल एस ए ने लिया संज्ञान।                                       डीएलएसए के सचिव ने रिम्स डायरेक्टर को पत्र लिख कर बच्चों का  समुचित इलाज हेतु  दिया निर्देश।रिम्स परिसर में पिछले पांच दिन से देवघर की एक  महिला जिसने एक साथ तीन बच्चों को जन्म दिया वो भटक रही थी क्योंकि उस महिला के तीनों नवजात बच्चे का आंख ख़राब था।                      .                             इस खबर के बाद अधिवक्ता सुधीर श्रीवास्तव ने सिविल कोर्ट स्थित  डी एल एस ए के सचिव के  नाम एक पत्र लिखा और मांग किया कि उस महिला के तीनों बच्चों का  समुचित इलाज हो ।इस पत्र पर डी एल एस ए के सचिव ने संज्ञान लेते हुए रिम्स अधीक्षक को तत्काल एक पत्र लिख कर बच्चों के समुचित इलाज का इंतजाम का निर्देश दिया।साथ ही रिम्स स्थित महिला पी एल वी अनीता देवी को रिम्स पहुँच कर पीड़ित से बात कर इलाज हेतु मदद करने का आदेश दिया।                                                 देवघर में 8 फरवरी को तीन बच्चों को जन्म देने के बाद एक लाचार मां लगातार अस्पताल के चक्कर लगा रही थी। जन्म के बाद से ही तीनों बच्चों को अस्पताल में शारीरिक कमजोरी के कारण भर्ती कराना पड़ा। लगभग 20 दिनों तक देवघर के डॉ. सतीश ठाकुर की देखरेख में अस्पताल में रखने के बाद मां को बताया गया कि तीनों बच्चों की आंखें खराब हो चुकी हैं। उन्हें आंख के डॉक्टर के पास ले जाने की आवश्यकता है। इसके बाद परिजन बच्चों को डॉ. डीएन मिश्रा के पास ले गए, जहां तीनों को बेहतर इलाज के लिए रांची या पटना ले जाने की सलाह दी गई। 

 पैसे के अभाव में नहीं हो पा रहा है इलाज

तीनों बच्चों के लेकर उसके परिजन 5 दिन पहले कश्यप आई हॉस्पिटल पहुंचे। वहां तीनों बच्चों के इलाज पर लगभग 90 हजार रुपए खर्च हाेने की बात बताई गई। इतना ज्यादा पैसा नहीं होने की वजह से परिजन निराश होकर वहां से लौट आए। इसके बाद बच्चों को रिम्स में ले जाने का फैसला किया, लेकिन वहां भी निराशा ही हाथ लगी। रिम्स में बताया गया कि तीनों बच्चों की आंखों को लेजर ऑपरेशन से ठीक किया जा सकता है। हालांकि यहां बच्चों को लेजर ऑपरेशन करने वाली मशीन नहीं है। ऐसे में यहां इनका ऑपरेशन नहीं किया जा सकता है। इसके बाद तो परिजन परेशान हो गए। उनको समझ में नहीं आ रहा है कि वे तीनों बच्चों का इलाज कैसे कराएं। बच्चों के मामा विष्णु कुमार ने बताया कि फिलहाल उनके पास खाने तक के पैसे नहीं हंै। बीच में पर्व होने की वजह से भी थोड़ी परेशानी हुई। अभी तक पैसे की कोई व्यवस्था नहीं हो पाई है। 

तीनों बच्चों को लेकर मां-दादी मदद की जोह रही बाट

तीनों बच्चों को लेकर उसके मां-दादी रिम्स में ही है। मां-दादी को अभी भी भरोसा है कि उनके बच्चे का रिम्स में इलाज हाेगा। इलाज की आस में वे लोग रिम्स में बैठे हुए हैं। वहां से आने-जाने वाले लोगों को एक-टक देखते हुए सहायता करने की आस लगाए हुए हैं। हालांकि शुक्रवार की देर रात तक पीड़ित परिवार की सहायता के लिए कोई आगे नहीं आया था। 

सवा माह के तीन बच्चे को लेकर रिम्स के बरामदे में पड़ी है मां

सवा माह के तीन बच्चों को लेकर पिछले पांच दिनों से एक मां रिम्स के बरामदे में पड़ी हुई है। क्योंकि एक साथ जन्म लिए तीनों बच्चों की आंखें खराब हो गई हैं। बच्चों की आंखों के इलाज के लिए परिवार के पास पैसे नहीं हैं, ऐसे में उन्हें कोई रास्ता भी नहीं सूझ रहा है। राज्य के सबसे बड़े मेडिकल संस्थान में बच्चों की आंखों में रोशनी आ जाएगी, इस भरोसे में मां इंदू देवी रिम्स के बरामदा से हटने का नाम नहीं ले रही है। जबकि रिम्स के कर्मचारियों ने उसे बता दिया है कि लेजर ऑपरेशन करने की मशीन यहां नहीं है। बच्चे को बाहर ले जाना पड़ेगा, तभी आंखों की रोशनी लौट सकती है। इसके बावजूद इंदू देवी रिम्स से टस से मस नहीं हुई। पूछने पर एक ही रट लगाती है कि मेरे बच्चों की आंखों की रोशनी लौटा दो, ताकि वे दुनिया देख सकंे। उसके परिजनों ने रिम्स के कई कर्मचारियों से मदद की गुहार लगाई, लेकिन डॉक्टर तक पहुंचाने की जहमत किसी ने नहीं उठाई। ऐसे में अब मां के साथ पूरे परिवार का भरोसा सिस्टम से उठ रहा है। इंदू ने बताया कि प्रधानमंत्री ने आयुष्मान भारत योजना से गरीबों का इलाज कराने का वादा किया था, लेकिन जब रिम्स में ऑपरेशन करने की मशीन नहीं है तो ऐसी योजना का क्या फायदा है।

लोकसभा चुनाव 2019 को लेकर बिहार महागठबंधन में हुआ सीटों का बंटवारा

पटना: लोकसभा चुनाव 2019 को लेकर बिहार महागठबंधन में सीटों बंटवारा हो गया. बिहार में राजद  20 सीटों पर चुनाव लड़ेगी वहीं, कांग्रेस  को 9 सीटें दी गई है. इसके अलावा उपेंद्र कुशवाहा  की पार्टी RLSP को 5, जीतनराम मांझी  की पार्टी 'हम' पार्टी को 3 और सन ऑफ मल्लाह मुकेश सहनी (Mukesh Sahni) की वीआईपी (VIP) को 3 सीटें दी गई हैं. इसके अलावा सीपीआई माले को राजद के कोटे से एक सीट दी गई है. इसके अलावा पहले दौर के उम्मीदवारों की सूची भी जारी की गई. प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह भी बताया गया कि शरद यादव आरजेडी के टिकट पर चुनाव लड़ेंगे. वहीं जीतनराम मांझी (Jitan Ram Manjhi) के भी चुनाव लड़ने की बात कही गई है. जीतनराम मांझी गया से चुनाव लड़ेंगे. 

Friday, March 22, 2019

इराक के मोसुल शहर के नजदीक टिगरिस नदी में नौका डूबने से कम से कम 83 लोगों की मौत

इराक के मोसुल शहर के नजदीक टिगरिस नदी में नौका डूबने से कम से कम 83 लोगों की मौत हो गई. नौका में क्षमता से अधिक लोग सवार थे जो कुर्द नयासाल मना रहे थे. अधिकारियों ने यह जानकारी दी है.


उत्तरी नाइनवेह प्रांत में नागरिक सुरक्षा के प्रमुख कर्नल हुसाम खलील ने बताया कि घटना गुरुवार को तब हुई हुई जब बड़ी संख्या में लोग नवरोज मनाने के लिये बाहर निकले थे. नवरोज कुर्द नयासाल और वसंत ऋतु के आगमन का प्रतीक है.

स्वास्थ्य मंत्रालय के प्रवक्ता      सैफ अल बद्र ने कहा कि खोज अभियान अब भी जारी है. खलील ने कहा तकनीकी समस्याओं की वजह से नौका पलटी. मृतकों में अधिकतर महिलाएं और बच्चे शामिल हैं. दुर्घटना में अनेक लोग घायल हुए हैं. इन लोगों का इलाज अस्पताल में चल रहा है.


नक्सली वर्दी में आए अज्ञात हमलावरों ने की दो की गोली मार कर हत्या, महिला व बच्चा घायल


गुमला के कामडरा थाना क्षेत्र के टुरुनडु गांव में अज्ञात हमलावरों द्वारा की गई फायरिंग में दो लोगों की मौत हो गई जबकि एक महिला व उसका बच्चा गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना में मारा गया एक व्यक्ति घायल महिला का पति है।यह घटना गुरूवार को उस समय घटी जब ये लोग अपने घर के आंगन में थे। तभी हमलावर आए और फायरिंग करने लगे,घटना की सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जानकारी ली।

गुमला पुलिस ने घायल मां-बेटे को कामडरा पीएचसी में भर्ती कराया है. घायल महिला व बच्चे ने बताया कि जो हमलावर फायरिंग कर रहा था वह नक्सली वर्दी पहने हुए था।घर में अचानक आकर फायरिंग करने लगे। घायलों ने किसी भी प्रकार की दुश्मनी होने से इंकार किया है, पर पुलिस को लग रहा है कि कोई बात तो जरूर होगी, जो इस तरह हमला किया गया. पुलिस इसे लोकसभा चुनाव से पूर्व नक्सलियों की ओर से दहशत फैलाने वाली हरकत भी मान रहे हैं. पुलिस मामले की जांच में जुटी है।

Thursday, March 21, 2019

गुजरात के अहमदाबाद मे TV9 के कॉपी एडिटर पत्रकार चिराग पटेल की हत्या

गुजरात के अहमदाबाद मे TV 9 के कॉपी एडिटर पत्रकार  चिराग पटेल की हत्या के बाद लाश को जला दिया गया ၊ अखिल भारतीय पत्रकार सुरक्षा समिति घटना की कड़ी निंदा करते हुए तुरंत कार्यवाही की मांग करती हैं. पत्रकार सुरक्षा कानून जल्द लागू हो ၊

Wednesday, March 20, 2019

धनबाद कांग्रेस उपाध्यक्ष ने की छात्रा की अस्मत लूटने की कोशिश, शिकायत बाद भूमिगत


धनबाद। धनबाद जिला कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष मनोज सिंह पर एक छात्रा की इज्जत लूटने की कोशिश का आरोप लगा है। छात्रा की शिकायत के बाद वह भूमिगत हो गए हैं। 


क्या है मामलाः मनोज सिंह धनबाद के मनोरम नगर स्थित अपने आवास में हॉस्टल का संचालन करते हैं। आरोप लगाने वाली छात्रा हॉस्टल में रहती है। धनबाद के एक कॉलेज में स्नातक की छात्रा है। वह प. बंगाल की रहने वाली है। होली की छुट्टी के कारण ज्यादातर लड़कियां हॉस्टल से अपने घर चली गईं हैं। मंगलवार की रात तीन लड़कियां हॉस्टल में थीं। धनबाद थाना में शिकायत दर्ज कराने वाली लड़की का कहना है कि वह अपने कमरे में अकेले थी। आधी रात को मनोज सिंह ने उसके कमरे की खिड़की से नोट का बंडल फेंका। वह डर गई। किसी तरह का रिस्पांस नहीं देने मनोज ने दरवाजा खोलने को कहा। वह जोर-जोर से दरवाजा पीट रहे थे। छात्रा का कहना है कि उसने हिम्मत कर शोर मचाया। शोर सुन हॉस्टल की दो अन्य छात्राएं भी चिल्लाने लगी। इसके बाद मनोज सिंह भाग गए। 


मनोज सिंह के लड़के से पूछताछः                       घटना की जानकारी मिलने के बाद बुधवार सुबह अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद से जुड़े छात्रों ने पीडि़ता से मुलाकात की। छात्रा को लेकर शिकायत दर्ज कराने धनबाद थाना पहुंचे। लिखित शिकायत के बाद पुलिस ने मनोज सिंह की तलाश शुरू कर दी है। पुलिस मनोज उनके घर पहुंची तो वह गायब थे। पुलिस उनके लड़के को लेकर धनबाद थाना पहुंची। पूछताछ करने के बाद लड़के को थाने से छोड़ दिया गया। 

शिकायत बाद छात्रा घर चली गईः                           छात्रा बुधवार को दिनभर धनबाद महिला थाने में बैठी रही। उसने पुलिस को लिखित शिकायत दी है। शाम को वह अपने घर प. बंगाल चली गई। 

छात्रा ने कांग्रेस नेता मनोज सिंह के खिलाफ लिखित शिकायत दी है। पुलिस मनोज सिंह के घर पर गई थी वह नहीं मिले। जांच की जा रही है। जांच के बाद कार्रवाई की जाएगी।  उपरोक्त जानकारी एम गुड़िया, थाना प्रभारी, धनबाद महिला थाना ने मीडिया को दी ၊

A total of 128 people died in 42 plane crashes

A total of 128 people died in 42 plane crashes and accidents that occurred in Russia in 2018, the Interstate Aviation Committee (IAC) said in a report published on Wednesday.

In 2017, 51 people died in 39 accidents.

Three-quarters of all accidents in 2018 were blamed on human error.

The IAC previously named 2016 as a record-setting year with 63 accidents in Russia and 11 other post-Soviet countries.

जरा सम्भल कर मनाएं होली, की महिलाओं से छेड़छाड़ तो जाना पड़ सकता है जेल

होली का त्योहार रंग और उल्लास से भरा होता है. इस त्योहार पर लोग जमकर होली खेलते हैं. एक दूसरे को रंगों से सराबोर कर देते हैं. लेकिन इस त्योहार के जोश में आप जाने अनजाने कानूनी पचड़े में भी पड़ सकते हैं. क्योंकि होली पर अक्सर महिलाएं भी खूब रंग खेलती हैं. ऐसे में यदि कोई पुरुष उनके साथ जोर जबरदस्ती करे. या उनको आपत्तिजनक तरीके से छूने की कोशिश करे तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई भी हो सकती है. 

दरअसल, भारतीय दंड सहिंता यानी IPC महिलाओं को विशेष सुरक्षा प्रदान करता है. इसलिए त्योहार पर भी उनके साथ कोई जोर जबरदस्ती करना किसी को भी महंगा पड़ सकता है. महिलाओें के साथ-साथ बच्चों के साथ भी जोर जबरदस्ती या छेड़छाड़ या उत्पीड़न के मामले में भी सख्त कार्रवाई हो सकती है. पुलिस महिलाओं के साथ होने वाले ऐसे मामलों में आरोपी के खिलाफ धारा 354 के तहत मुकदमा दर्ज करती है. आइए पहले जानते हैं आईपीसी की धारा 354 के बारे में.

क्या है IPC की धारा 354

भारतीय दंड संहिता की धारा 354 का इस्तेमाल ऐसे मामलों में किया जाता है. जहां स्त्री की मर्यादा और मान सम्मान को क्षति पहुंचाने के लिए उनके साथ जोर जबरदस्ती की जाए. उनको गलत नीयत से छुआ जाए. या उन पर आपत्तिजनक टिप्पणी की जाए या फिर बुरी नीयत से हमला किया जाए. गलत मंशा के साथ महिलाओं से किया गया बर्ताव भी इसी धारा के दायरे में आता है.

क्या होती है सजा

भारतीय दंड संहिता के मुताबिक यदि कोई व्यक्ति किसी महिला की मर्यादा को भंग करने के लिए उस पर हमला या जोर जबरदस्ती करता है, तो उस पर आईपीसी की धारा 354 लगाई जाती है. जिसके तहत आरोपी पर दोष सिद्ध हो जाने पर दो साल तक की कैद या जुर्माना या फिर दोनों की सजा हो सकती है.


क्या होता है पॉक्सो एक्ट?

बच्चों के साथ जोर जबरदस्ती या छेड़छाड़ या उत्पीड़न के मामले में पॉक्सो एक्ट के तहत कार्रवाई की जाती है. ये शब्द अंग्रेजी से आता है. इसका पूर्णकालिक मतलब होता है प्रोटेक्शन आफ चिल्ड्रेन फ्राम सेक्सुअल अफेंसेस एक्ट 2012 यानी लैंगिक उत्पीड़न से बच्चों के संरक्षण का अधिनियम 2012. इस एक्ट के तहत नाबालिग बच्चों के साथ होने वाले यौन अपराध और छेड़छाड़ के मामलों में कार्रवाई की जाती है.

यह एक्ट बच्चों को सेक्सुअल हैरेसमेंट, सेक्सुअल असॉल्ट और पोर्नोग्राफी जैसे गंभीर अपराधों से सुरक्षा प्रदान करता है. पॉक्सो एक्ट की धारा 5 एफ, 6, 7, 8 और 17, किसी शैक्षिक संस्थान में बाल यौन उत्पीड़न से सबंधित है. अगर किसी के खिलाफ पॉक्सो एक्ट के तहत कार्रवाई होती है, तो आरोपी को तुरंत गिरफ्तार किया जाता है. इस एक्ट के तहत धरे गए आरोपी को जमानत भी नहीं मिलती है. इस एक्ट में पीड़ित बच्ची या बच्चे के प्रोटेक्शन का भी प्रावधान हैं.

क्या है भारतीय दंड संहिता

भारतीय दण्ड संहिता यानी Indian Penal Code, IPC भारत में यहां के किसी भी नागरिक द्वारा किये गये कुछ अपराधों की परिभाषा औ दण्ड का प्राविधान करती है. लेकिन यह जम्मू एवं कश्मीर और भारत की सेना पर लागू नहीं होती है. जम्मू एवं कश्मीर में इसके स्थान पर रणबीर दंड संहिता (RPC) लागू होती है.

अंग्रेजों की देन है IPC:

भारतीय दण्ड संहिता यानी आईपीसी सन् 1862 में ब्रिटिश काल के दौरान लागू हुई थी. इसके बाद समय-समय पर इसमें संशोधन होते रहे. विशेषकर भारत के स्वतन्त्र होने के बाद इसमें बड़ा बदलाव किया गया. पाकिस्तान और बांग्लादेश ने भी भारतीय दण्ड संहिता को ही अपनाया. लगभग इसी रूप में यह विधान तत्कालीन ब्रिटिश सत्ता के अधीन आने वाले बर्मा, श्रीलंका, मलेशिया, सिंगापुर, ब्रुनेई आदि में भी लागू कर दिया गया था.


महेश भट्ट ने लॉंच किया 'नो फादर्स इन कश्मीर' का ट्रेलर, घाटी में लोगों की वास्तविकताओं पर अनिवार्य सवाल उठाता है ट्रेलर!

सभी को लगता है कि वे कश्मीर को जानते हैं। दो किशोर सब कुछ बदलने वाले हैं, ट्रेलर में इन्हीं बातों को मनोरंजक दृश्यों के जरिए प्रस्तुत किया गया है। नो फादर्स इन कश्मीर, ऑस्कर के लिए नामांकित फिल्म निर्माता और दो बार के राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता लेखक और निर्देशक, अश्विन कुमार द्वारा निर्देशित सार्वभौमिक मानवीय भावनाओं के बारे में सच्चाई, करुणा और सहानुभूति की लड़ाई का एक अनूठा मिश्रण है।

उन्होंने कहा, “विश्व भर में भारत में युवाओं की आबादी सबसे ज्यादा है और यह फिल्म उनके लिए ही है। यदि शेष भारत के युवा कश्मीर की जटिलताओं को समझना शुरू कर सकें, तो वे कश्मीर के लोगों के साथ सहानुभूति रख सकते हैं। कि सच सुनने के लिए साहस चाहिए, लेकिन ऐसा करने से सहानुभूति भी पैदा होती है।”

हालांकि फिल्म के लिए एफसीएटी द्वारा यूए प्रमाण पत्र जारी करने के आदेश के बावजूद अभी तक सीबीएफसी द्वारा प्रमाण पत्र प्रदान किया जाना बाकी है, जबकि आगामी 5 अप्रैल को फिल्म का रिलीज प्रस्तावित है।


कार्यक्रम में उपस्थित सबसे तेज और मुखर निर्देशकों में से एक श्री महेश भट्ट ने कहा, "यह एक चौंका देने वाली, दिल टूटने वाली फिल्म है। अश्विन के पास सारे अंधेरे को सामने लाने की हिम्मत है, जो हमारे लिए काफी रोशनी लेकर आता है। नफरत के इन अंधेरे समय में, यहां कश्मीर की खून से लथपथ घाटी की एक प्रेम कहानी है, जिसमें आशा पैदा करने का साहस है।”


फिल्म की मुख्य कलाकार सोनी राजदान ने कहा, “मेरा कश्मीर के साथ व्यक्तिगत जुड़ाव है, क्योंकि मैं आधी कश्मीरी हूं। उन्होंने कहा कि जब अश्विन ने पहली बार मुझे पटकथा भेजी और मैंने इस पटकथा को पढ़ा तो मुझे यह बहुत दिलचस्प लगी, क्योंकि यहां एक फिल्म थी जो वास्तविकता को दिखा रही थी। उन्होंने कहा कि कश्मीर पर कई फिल्में बनी हैं, लेकिन यह नाटक, प्रेम कहानियों और अन्य चीजों से प्रभावित नहीं है। यह वास्तव में घाटी की स्थिति का प्रतिनिधित्व करती है और यही कारण है कि मैं इस फिल्म के प्रति आकर्षित हुई।“


फिल्म के जरिए फिल्मकार अश्विन कुमार ने अपने अभिनय की शुरुआत की है। इनके साथ ही इसमें अभिनेता अंशुमान झा, सोनी राजदान और कुलभूषण खरबंदा भी हैं। अश्विन ने कार्यकारी निर्माता वरुण वेसुना के साथ फिल्म का लेखन और निर्माण भी किया है।


ट्रेलर देखें 

जम्मू-कश्मीर: पुलवामा में पुलिस हिरासत में निजी स्कूल के शिक्षक की मौत के बाद तनाव

पुलवामा ज़िले के अवंतिपुरा इलाके में पुलिस हिरासत में एक टीचर की मौत के बाद घाटी में एक बार फिर तनाव पैदा हो गया है.

मृत शिक्षक के परिजनों का कहना है कि पुलिस ने रिज़वान पंडित को उनके घर से हिरासत में लिया था.

26 वर्षीय रिज़वान पंडित की मौत की ख़बर आने के बाद घाटी में कई जगह सुरक्षा बलों और प्रदर्शनकारियों के बीच टकराव हुआ है जिसमें कई लोग घायल हो गए हैं.

पुलिस ने इस घटना पर एक बयान जारी किया है, जिसमें कहा गया है कि "मिलिटेंसी एक मामले की पड़ताल के क्रम में एक संदिग्ध व्यक्ति रिज़वान पंडित को अंवतिपुरा में हिरासत में लिया गया, इस व्यक्ति की पुलिस हिरासत में मौत हो गई है. इस मामले में नियमों के अनुरुप मजिस्ट्रेट से जांच कराई जा रही है."

रिज़वान के भाई ज़ुल्करनैन ने एक स्थानीय अख़बार को बताया है कि उनके भाई एक निजी स्कूल के प्रिसिंपल थे.

उन पर छह महीने पहले पब्लिक सेफ़्टी ऐक्ट (पीएसए) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था. ज़ुल्करनैन का कहना है कि अदालत उस मामले को खारिज कर दिया था.

उनके भाई ने अख़बार को यह भी बताया कि "मेरे भाई जमात-ए-इस्लामी के कार्यकर्ता थे लेकिन यह कोई गुनाह तो नहीं है."


हिंसा-रक्तपात से दूर ये है पुलवामा की असली कहानी

ग़ौरतलब है कि पुलवामा में हुए हमले के बाद सरकार ने जमात-ए-इस्लामी पर प्रतिबंध लगा दिया है.

रिज़वान की मौत के बाद कई अलगाववादी संगठनों ने बुधवार को घाटी में बंद का आह्वान किया है. कश्मीर की सभी राजनीतिक पार्टियों ने इस घटना की निंदा की है और समयबद्ध तरीके से मामले की जांच कराने की मांग की है.

हुर्रियत कॉन्फ़्रेंस के चेयरमैन मीर वाइज़ मौलवी उमर फ़ारुक़ ने ट्वीट करके इसे 'बर्बर हत्या' करार दिया है.

राज्य के मानवाधिकार आयोग ने मामले को उठाते हुए कहा है कि रिज़वान की मौत की पूरी रिपोर्ट पेश की जाए.

पवित्र क़ुरआन से आरंभ हुआ न्यूज़ीलैंड संसद का नया सत्र

 न्यूज़ीलैंड के क्राइस्टचर्च में दो मस्जिदों पर हुए आतंकी हमले और उसमे शहीद होने वाले 50 नमाज़ियों को न्यूज़ीलैंड की संसद ने कुछ अलग ही अंदाज़ में श्रद्धांजलि दी ।

प्राप्त रिपोर्ट के मुताबिक़, न्यूज़ीलैंड की संसद ने क्राइस्टचर्च की मस्जिदों में हुए आतंकी हमले और उसमे शहीद होने वाले नमाज़ियों को बिल्कुल अलग ही अंदाज़ में श्रद्धांजिल दी है। जहां न्यूज़ीलैंड की संसद ने अपने सत्र की शुरुआत पवित्र क़ुरआन की तिलावत से की वहीं इस देश की प्रधानमंत्री ने अपने भाषण का आरंभ अस्सलामो अलैकुम से किया।

ख़बरों के अनुसार न्यूज़ीलैंड की प्रधानमंत्री जैसिंडा अर्डर्न ने संसद सत्र के आरंभ में क़ुरआन की तिलावत के बाद देश की संसद को संबोधित करते हुए सबसे पहले सलाम किया और कहा कि क्राइस्टचर्च की मस्जिदों पर हमला करने वाले आतंकियों के ख़िलाफ़ क़ानून के तहत बहुत ही जल्द और बहुत ही सख़्त कार्यवाही होगी। उन्होंने कहा कि मस्जिद पर हमला करने वाले आतंकी, अपराधी और चरमपंथी हैं। न्यूज़ीलैंड की प्रधानमंत्री ने कहा कि हम इस प्रयास में हैं कि इस आतंकी हमले की तह तक जाएं और ऐसी विचारधारा को अपने देश से जड़ से समाप्त करें। उन्होंने कहा आतंकियों के ख़िलाफ़ होने वाली कार्यवाही तक देश हाई अलर्ट पर है।

इस बीच प्राप्त समाचारों के मुताबिक़, न्यूज़ीलैंड के शहर क्राइस्टचर्च की मस्जिदों पर हमला करने वाले आतंकी ब्रेंटन टैरेंट के परिवार वालों ने न्यूज़ीलैंड वासियों से माफ़ी मांगी है। टैरेंट के परिवार वालों ने एक बयान जारी करके कहा है कि, टैरेंट द्वारा अंजाम दिए घिनौने कार्य से हम सब बहुत दुखी हैं। आतंकी टैरेंट के चाचा ने कहा कि क्राइस्टचर्च में जो घटना हुई है उसको देखना और सुनना दोनों हमारे लिए कोई भयानक सपने से कम नहीं है। उन्होंने मस्जिद में शहीद होने वाले नमाज़ियों के परिजनों से कहा है कि हम आप सब से कुछ कहने योग नहीं हैं। हमारा पूरा परिवार इस दुखद घटना के लिए आप सबसे माफ़ी मांगता है और आप सबके दुख में बराबर का भागीदार है।


उल्लेखनीय है कि न्यूज़ीलैंड की मस्जिदों पर आतंकवादी हमला करने वाला आतंकी ब्रेंटन टैरेंट अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प का समर्थक है और उसने आतंकी हमले से पहले ट्रम्प की जमकर तारीफ़ की है। ज्ञात रहे कि शुक्रवार को न्यूज़ीलैंड के क्राइस्टचर्च शहर में दो मस्जिदों पर एक आतंकवादी ने अंधाधुंध फ़ायरिंग करके हमला किया था जिसमें 50 लोग शहीद हुए और 50 के क़रीब घायल हुए हैं।

LS Elections2019:डुमरी विधानसभा क्षेत्र के सभी प्रशासनिक अधिकारियों एवं सेक्टर मजिस्ट्रेटों की समीक्षात्मक बैठक

डुमरी:आसन्न लोकसभा चुनाव 2019 की तैयारियों को ले डुमरी विधानसभा क्षेत्र के सभी प्रशासनिक अधिकारियों एवं सेक्टर मजिस्ट्रेटों की एक समीक्षात्मक बैठक मंगलवार को डुमरी अनुमंडल कार्यालय सभागार में उपायुक्त गिरिडीह राजेश पाठक एवं उपायुक्त बोकारो शैलेश चौरसिया संयुक्त अध्यक्षता में बैठक की गई। बैठकमें उपस्थित डुमरी,नावाडीह एवं चन्द्रपुरा प्रखंड के सभीसेक्टर मजिस्ट्रेटों से कलस्टरों में व्याप्त सुविधाओं एवं मतदान केंद्रों की स्थिति की जानकारी ली गई।प्रतिनियुक्त सेक्टर मजिस्ट्रेटों को बताया गया कि आपकी जिमेदारी चुनाव में महत्त्वपूर्ण है।मतदान केंद्र तक पोलिंग पार्टी को पहुचाना एवं मतदान के दौरान मतदाताओं की सुविधाओं की व्यवस्था की जिम्मेदारी सेक्टर मजिस्ट्रेट पर होगी।बताया गया कि सेक्टर मजिस्ट्रेटों पुलिस प्रशासन का पूरा सहयोग मिलेगा।लगभग दो घंटे तक चली समीक्षात्मक बैठक में मतदान एवं उसके तैयारियों से संबंधित विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा की गई ၊ साथ ही कई दिशानिर्देश दिए गए।

                                                           बैठक में डीडीसी, गिरिडीह, मुकुन्द दास, एसपी गिरिडीह सुरेन्द्र झा, एसपी, बोकारो, पी मुरूगन, एएसपी अभियान, गिरिडीह दीपक कुमार, डुमरी एसडीपीओ नीरज कुमार सिंह,डुमरी बीडीओ सोमनाथ बंकिरा, सीओ डुमरी रवि भूषण प्रसाद, इंस्पेक्टर डुमरी दिनेश सिंह, बीडीओ चन्द्रपुरा, सीओ नावाडीह आदि उपस्थित थे।

दुमका के काठीकुंड में भारी मात्रा में विस्फोटक व नक्सली साहित्य बरामद,बड़ी घटना की थी फिराक

दुमका

लोकसभा चुनाव के दौरान नक्सलियों द्वारा सुरक्षा बलों को लैंडमाइंस से उड़ा देने की एक बड़ी साजिश को झटका लगा है। सीमा सशस्त्र बल और झारखण्ड आर्म्ड पुलिस ने मंगलवार को नक्सलियों की इस साजिश को नाकाम कर दिया है। नक्सलियों द्वारा दुमका के काठीकुंड थाना क्षेत्र के धूमरपहाड़ के जंगल में जमीन के अंदर छिपाकर रखे गए करीब चार हजार मीटर कॉर्डेक्स एक्सप्लोसिव वायर को एसएसबी और पुलिस ने जब्त कर लिया है। मौके से 85 नक्सली साहित्य भी बरामद किए गए है। एसपी वाई एस रमेश ने कहा कि कॉर्डेक्स एक्सप्लोसिव वायर का इस्तेमाल आईडी (कैन बम) को विस्फोट करने में किया जाता है। इतनी बड़ी मात्रा में कॉर्डेक्स एक्सप्लोसिव वायर का मिलना, कही न कही नक्सलियों की बड़ी साजिश की ओर इशारा करता है। नक्सली लोकसभा चुनाव के दौरान बड़ी क्षति पहुँचाने की फिराक में है लेकिन एसएसबी और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई से नक्सलियों की साजिश को लगातार नाकाम किया जा रहा है।

यह खबर भाजपा टिकट दावेदारों के धड़कनों को तेज कर देगी, छ्त्तीसगढ़ के किसी भी सिटींग एमपी को टिकट नहीं!!

 

आगामी लोकसभा चुनाव के लिए छत्तीसगढ़ में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के सभी 10 सांसदों के लिए एक बुरी खबर है। यह खबर झारखण्ड सहित सभी प्रदेशों के दावेदारों की धड़कने तेज कर देगी ၊ पार्टी इस बार सूबे में किसी भी मौजूदा सांसद को टिकट नहीं देगी। छत्तीसगढ़ बीजेपी के इंचार्ज और पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव अनिल जैन ने कहा है कि सभी 10 सांसदों को बदला जाएगा। अनिल जैन के मुताबिक, पार्टी की केंद्रीय चुनाव समिति ने इस प्रस्ताव को मंजूरी भी दे दी है।

 फिलहाल बीजेपी ने अपने उम्मीदवारों की कोई भी सूची जारी नहीं की है। आपको बता दें कि छत्तीसगढ़ के पूर्व सीएम रमन सिंह के बेटे अभिषेक सिंह भी राजनांदगांव सीट से वर्तमान सांसद हैं। अगर सभी सांसदों का टिकट काटा जाता है तो उनपर भी गाज गिर सकती है। हालांकि, सूत्रों के हवाले से यह भी कहा जा रहा है कि अभिषेक की जगह पर उनके पिता रमन सिंह को टिकट देकर उन्हें केंद्र की राजनीति में लाया जा सकता है। 


विधानसभा चुनाव में हार के बाद नई रणनीति? 

कहा जा रहा है कि सांसदों को लेकर ऐंटी इन्कंबेंसी और 2018 के विधानसभा चुनावों के परिणाम को देखते हुए पार्टी सभी सांसदों के स्थान पर नए चेहरों को मौका देने की रणनीति अपनाएगी। पार्टी नेता अनिल जैन ने कहा कि बीजेपी छत्तीसगढ़ की सभी 11 सीटों पर नए उम्मीदवार उतारेगी और सभी सीटों पर जीत हासिल करेगी। वहीं, कांग्रेस ने 11 में से 5 आरक्षित सीटों के लिए अपने उम्मीदवारों का ऐलान कर दिया है

यमन में मानवीय और राजनीतिक स्थिति पर ध्यान केन्द्रित किया

यूरोपीय संघ की ओर से जारी होने वाली विज्ञप्ति में आया है कि यमन में मानवीय और राजनीतिक स्थिति पर ध्यान केन्द्रित किया गया।

अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ईरान को कमज़ोर करने के लिए नित नये प्रयास करते रहते हैं, ईरानोफोबिया को हवा देते रहते हैं इसी प्रकार वह ईरान के खिलाफ क्षेत्रीय देशों की सम्मिलिती से गठबंधन बनाने की बात करते हैं और उन्होंने ईरान के खिलाफ सबसे कड़ा प्रतिबंध भी लगा दिया है परंतु उनके इन समस्त प्रयासों के बावजूद अंतरराष्ट्रीय शक्तियों ने मध्यपूर्व में ईरान की रचनात्मक भूमिका को स्वीकार किया है।

यूरोपीय संघ अमेरिका का बड़ा व महत्वपूर्ण भागीदार है और उसके तीन महत्वपूर्ण सदस्यों जर्मनी, फ्रांस और ब्रिटेन ने भी क्षेत्र के महत्वपूर्ण मामलों के संबंध में तेहरान से विचार- विमर्श के जारी रहने पर बल दिया है।

इसी परिप्रेक्ष्य में यूरोपीय संघ ने एक विज्ञप्ति जारी करके घोषणा की है कि ईरान और यूरोपीय संघ के चार देशों ने सोमवार को ब्रसल्ज़ में मध्यपूर्व के मामलों के संबंध में एक दूसरे से विचार- विमर्श किया है।

यूरोपीय संघ क्षेत्र में अपने हितों के दृष्टिगत सीरिया, इराक और यमन जैसे देशों में ईरान की रचनात्मक भूमिका से भली- भांति अवगत है और वह अच्छी तरह जानता है कि ईरान के ध्यान को आकर्षित किये बिना क्षेत्र में प्रभावी भूमिका नहीं निभा सकता।

यूरोपीय संघ की विदेश नीति आयुक्त की सहायक हेलगा शिमिद की अध्यक्षता में ब्रसल्ज में यह बैठक हुई। इस बैठक में ईरानी प्रतिनिधिमंडल विदेशमंत्री के सहायक हुसैन जाबिरी अंसारी की अध्यक्षता में मौजूद था।

इस बैठक की समाप्ति पर यूरोपीय संघ की ओर से जो विज्ञप्ति जारी की गयी उसमें आया है कि इस बैठक में यमन में मानवीय और राजनीतिक स्थिति पर ध्यान केन्द्रित किया गया। इसी प्रकार इस बैठक में भाग लेने वालों ने निकट भविष्य में इस प्रकार की दूसरी बैठक करने पर सहमति की है।

यमन संकट के समाधान के संबंध में ईरान का दृष्टिकोण यह है कि राजनीतिक मार्ग से यमन संकट का समाधान किया जाये।

इसी प्रकार ईरान का मानना है कि इसके लिए यमन पर सऊदी अरब के हमलों को तुरंत बंद किया जाना चाहिये।

ब्रसल्ज़ में जो बैठक हुई यूरोपीय पक्ष ने भी इस बैठक में यमन संकट के समाधान के संबंध में ईरान जैसा दृष्टिकोण अपनाया है। इसी प्रकार इस बैठक में भाग लेने वाले समस्त पक्षों ने बल देकर कहा है कि यमन संकट का समाधान राष्ट्रसंघ की निगरानी में होना चाहिये। 

Tuesday, March 19, 2019

राजनीति-भाजपा के दबाव के कारण पुण्य प्रसून की सूर्या समाचार से विदाई हुई

पिछले दिनों एबीपी न्यूज़ से निकाले जाने के कारण चर्चा में आए पुण्य प्रसून बाजपेयी को एक बड़ा झटका लगा है। उन्होंने सूर्या समाचार न्यूज चैनल जॉइन किया था जो अब सत्ता के दबावों के आगे रेंगने को तैयार है और पुण्य प्रसून और उनकी टीम को बाहर निकाल रहा है।


पुण्य प्रसून और उनकी टीम को सूर्या समाचार चैनल के मालिकों की तरफ से एक मेल प्राप्त हुआ है, जिसमें पुण्य प्रसून बाजपेयी और उनकी टीम के लोगों को सर्विस से 31 मार्च को खत्म करने की बात कही गयी है। लेटर की एक कॉपी भड़ास4मीडिया डॉट कॉम के पास सबसे पहले पहुंची, वहीं से उठाकर लोकवाणी ने भी लेटर को यहां अपलोड किया है।



पुण्य प्रसून की टीम के एक वरिष्ठ पत्रकार ने बताया, “खबर बिकुल सही है हमारी विदाई तय हो गयी है। टीम की सच्ची पत्रकारिता के कारण मोदी सरकार दबाव में थी और सरकार के कई मंत्री सूर्य समाचार के मालिक के पीछे पड़े हुए थे। इतना ही नहीं मालिक को इतना डराया गया है कि उसको हथियार डालने पड़े।” सूर्या समाचार के मालिक बीपी अग्रवाल का मूल काम बिस्किट बनाने का काम है।


खैर 31 मार्च का दिन पुण्य और उनकी टीम का आखरी दिन होगा और सभी को ऑफिसियल कार्रवाही पूरा करने के लिए कहा गया है।



 

अब सवाल ये है कि 31 मार्च के बाद पुण्य प्रसून और उनकी टीम क्या करेगी।


तेजतर्रार और मीडिया के अंदरखाते फरोलने वाली वेबसाइट भड़ास और उनके सम्पादक ने पहले ही, पुण्य के ज्वाइन करते समय ही ये भविष्यवाणी कर दी थी कि बिस्किट किंग बीपी अग्रवाल देर तक पुण्य प्रसून के तेवर वाली पत्रकारिता को झेल न पाएंगे।

प्रमोद सावंत बने गोवा के नए सीएम, देर रात दो बजे ली शपथ

मनोहर पर्रिकर के निधन के बाद भारतीय जनता पार्टी के प्रमोद सावंत गोवा के मुख्यमंत्री बनाए गए हैं। सावंत ने सोमवार देर रात दो बजे गोवा के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। उनके साथ महाराष्ट्रवादी गोमांतक पार्टी के सुदीन धवलीकर और गोवा फॉरवर्ड पार्टी के प्रमुख विजय सरदेसाई के उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली।


शपथ लेने के बाद सीएम सावंत ने इसे बड़ी जिम्‍मेदारी करार देते हुए कहा कि वह मनोहर पर्रिकर के सपनों को पूरा करते हुए गोवा के लोगों की सेवा करेंगे। उन्‍होंने कहा कि वह गोवा के विकास को लेकर मनोहर पर्रिकर के द‍ृष्टिकोण को जारी रखेंगे। हम सब उनके सपनों को पूरा करेंगे।' अपनी बात कहते-कहते सावंत भावुक हो गए। 


46 साल के सावंत आरएसएस काडर से आने वाले गोवा में बीजेपी के अकेले विधायक हैं। इससे पहले वह पार्टी के प्रवक्ता और गोवा विधानसभा के अध्यक्ष रहे हैं। सावंत का शपथ ग्रहण रात 11 बजे होना था लेकिन सहयोगी दलों की खींचतान की वजह से यह टलता रहा। आखिरकार देर रात दो बजे सावंत ने दो उपमुख्यमंत्रियों और 9 मंत्रियों के साथ सीएम पद की शपथ ली।


इन मंत्रियों में एमजीपी के दो सुदीन धावलिकर और मनोहर अजगांवकर के अलावा गोवा फॉरवर्ड पार्टी के विजय सरदेसाई, विनोद पालीकर और जयेश सलगांवकर शामिल हैं। वहीं बीजेपी के मौविन गौदिन्हो, विश्वजीत राणे, मिलिंद नाईक और निलेश नाईक को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई गई। इसके अलावा निर्दलीय विधायकों रोहन खवंटे और गोविंद गावडे को भी मंत्री पद दिया गया है।

हर दिल अजीज वार्ड पार्षद अमित बरदियार नहीं रहे,गिरिडीह-देवघर मार्ग पर भीषण सड़क दुर्घटना में हुई दर्दनाक मौत

रफ़्तार का दर्दनाक कहर 

वार्ड पार्षद समेत दो की मौत 

दो बच्चे समेत 7 की स्थिति नाजुक 

वार्ड पार्षद सपरिवार पूजा करने जा रहे थे देवघर 

शहर में शोक की लहर 

 रिपोर्ट भरत मंडल की ၊                                 गिरिडीह : 19.03.19 : होली के एक दिन पहले रंग में भंग डालने वाले एक खबर ने गिरिडीहवासियों  को  सकते में डाल दिया । यहाँ तेज रफ़्तार की कहर ने हर दिल अजीज कहे जाने वाले वार्ड पार्षद अमित बरदियार को हमेशा के लिए सुला दिया। 

दरअसल गिरिडीह देवघर मुख्य मार्ग पर स्थित कर्णपुरा के पास स्कॉर्पियो और आल्टो की सीधी टक्कर से एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ. हादसे में वार्ड पार्षद अमित बरदियार समेत दो लोगो की जान चली गयी ၊

जबकि घटना से वार्ड पार्षद के पत्नी, बच्चे व भाई समेत कुल 7 लोग गंभीर रूप से घायल हो गया. 

सभी घायलों की स्थिति गंभीर बनी हुई है जिसे बेहतर इलाज के धनबाद पीएमसीएच में भर्ती कराया गया है. घटना की सुचना मिलते ही विधायक निर्भय शाहबादी, मेयर सुनील पासवान, उपमेयर प्रकाश सेठ, पूर्व नप अध्यक्ष दिनेश यादव, अधिवक्ता संघ के सचिव चुन्नूकांत समेत कई वार्ड पार्षद एंव अन्य समाजसेवी मौके पर पहुंचकर घायलों के स्थिति का जायजा लिया

मुंब्रा में फिर दिखे राजू पाटिल,उड़ी शिवसेना के श्रीकांत सिंदे की निंद

मुंंब्रा। नवनिर्माण सेना (मनसे) के प्रमोद राजू पाटिल लगभग पांच साल पहले कल्याण लोकसभा क्षेत्र से चुनाव लडे तो वह उस समय दिखे और उनकी होर्डिंगे दिखाई दी थी, लेकिन उसके बाद न तो राजू पाटिल दिखे और न ही उनकी 
होर्डिंगें दिखी। अब फिर सांसद का चुनाव आ गया है, अभी तो वह नहीं दिखे लेकिन "होली मुबारक" हो की उनकी होर्डिंगें
मुंंब्रा-कौसा में दिखाई दे रही है। सुत्रों के मुताबिक मुंंब्रा कौसा में राजू पाटिल की होली की हार्दिक शुभकामनाओं की लगी इन दर्जनों होर्डिंगों से शिवसेना के सांसद श्रीकांत शिंदे और पालक मंत्री एकनाथ शिंदे के समर्थकों में खलबली मच गई है। क्योंकि जिस दबंगई से राजू पाटिल ने पिछला लोकसभा चुनाव मुंंब्रा कौसा में लडा था, वह अपने आप में एक मिसाल है।
इसे देखते हुए कहा जा सकता है कि श्रीकांत शिंदे के लिए आगे की राह आसान नहीं है। अभी तक ऐसा माना जा रहा था कि एनसीपी के नगरसेवक बाबाजी पाटिल को प्रोजेक्ट करके एनसीपी के स्थानीय नेता शिवसेना से 20-20 का मैच खेलना चाह रहे थे, लेकिन राजू पाटिल कि मुंंब्रा कौसा में होर्डिंगें लगने से मुकाबला वंडे मैच का हो सकता है। वहीं अगर मनसे और एनसीपी का कल्याण लोकसभा क्षेत्र के लिए गठबंधन होता है तो, यह देखना दिलचस्प होगा कि दोनों पार्टियां उत्तर भारतीय मतदाताओं को कैसे संभालती है। जबकि विरोध कि आसंका बनी रहेगी।वहीं मुस्लिम लीग ने भी मुंंब्रा से एक ताकतवर उत्तर भारतीय नेता को मैदान में उतारने की पुरी तैयारी कर ली है, इससे अब मुकाबला त्रिकोणा हो सकता है।

Monday, March 18, 2019

पबजी खेलने के दौरान ट्रेन की चपेट में आ गए, दोनों की हुई मौत

मुंबई: ऑन लाइन मोबाइल गेम पब जी किस कदर जानलेवा साबित होता जा रहा है कि युवा अपनी जान भी गंवा रहे हैं .महाराष्ट्र के हिंगोली जिले में दो युवक आनलाइन गेम पबजी खेलने के दौरान ट्रेन की चपेट में आ गए जिसमें उनकी मौत हो गयी. पुलिस ने रविवार को यह जानकरी दी. एक अधिकारी ने बताया कि यह घटना शनिवार की शाम हिंगोली में हुई. उन्होंने बताया कि मृतक की पहचान नागेश गोरे (24) और स्वप्निल अन्नापूर्णे (22) के रूप में हुयी है. वे दोनों रेल पटरियों के पास पबजी खेल रहे थे और अचानक हैदराबाद-अजमेर ट्रेन की चपेट में आने से उनकी मौत हो गई.


लोगों को देर रात दोनों के शव मिले. इस घटना के सिलसिले में दुर्घटनावश मौत की एक रिपोर्ट हिंगोली थाने में दर्ज करायी गयी है. पबजी दक्षिण कोरियाई मूल का एक ऑनलाइन गेम है. विशेषज्ञों के अनुसार इस गेम की लत लग जाती तो इसे खेलने वाले लोगों में हिंसक प्रवृत्ति बढ़ जाती है.

 इससे पहले गुजरात में पबजी गेम खेलने वालों पर पुलिस ने कार्रवाई की है. पबजी गेम खेलने के कारण पुलिस ने वहां तीन लोगों को शनिवार को गिरफ्तार किया. गिरफ्तारी के बाद अधिकारी ने बताया कि ये लोग प्रतिबंध के बावजूद राज्य में यह गेम खेल रहे थे.


गुजरात के कई जिलों में पबजी गेम के खेलने पर प्रतिबंध लगा हुआ है. इसके पीछे का कारण बताया जाता है कि इस गेम के खेलने से लोगों के अंदर हिंसक प्रवृत्ति बढ़ती है.

Sunday, March 17, 2019

गिरिडीह:आचार संहिता उल्लंघन जेएमएम का झंडा कार में लगाने सें मामला दर्ज

भरत मण्डल की रिपोर्ट ၊

गिरिडीह : झारखंड के गिरिडीह में आदर्श आचार संहिता उल्लंघन का  मामला दर्ज किया गया है कार पर जेएमएम का झंडा लगाये जाने पर सदर अंचलाधिकारी रवींद्र कुमार सिन्हा ने नगर थाना में दर्ज करायी है. थाना प्रभारी आदिकांत महतो ने इसकी पुष्टि की है.बताया गया कि 10 एबी/2824 पर जेएमएम का झंडा लगा हुआ था, जो आचार संहिता का उल्लंघन है. प्राथमिकी के बाद कार मालिक व चालक की पहचान की जा रही है. थाना प्रभारी ने बताया कि कांड संख्या 66/19 धारा 188 भादवि एवं 127ए लोक जनप्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 के तहत कार के अज्ञात मालिक-चालक पर दर्ज किया गया है।

न्यूज़ीलैंड के क्राइस्टचर्च की दो मस्जिदों में हुए आतंकी हमले पर ईरान ने कड़ा रुख अपनाते हुए ओआईसी की आपात बैठक बुलाए जाने की मांग की

न्यूज़ीलैंड के क्राइस्टचर्च शहर की दो मस्जिदों में हुए आतंकी हमले में 50 लोगों की शहादत पर जहां दुनिया भर में रोष व्यक्त किया जा रहा है वहीं ईरान ने इसपर कड़ा रुख अपनाते हुए ओआईसी की आपात बैठक बुलाए जाने की मांग की है।

प्राप्त रिपोर्ट के मुताबिक़, इस्लामी गणतंत्र ईरान के विदेश मंत्री मोहम्मद जवाद ज़रीफ़ ने न्यूज़ीलैंड में शुक्रवार को दो मस्जिदों पर हुए आतंकवादी हमले में 50 नमाज़ियों के शहीद होने और 50 अन्य के घायल होने की घटना की कड़े शब्दों में निंदा की है।  उन्होने इस्लामिक सहयोग संगठन (ओआईसी) से आह्वान किया है कि वह न्यूज़ीलैंड के मुसलमानों के नरसंहार पर एक आपातकालीन सत्र आयोजित करे। मोहम्मद जवाद ज़रीफ़ ने तुर्की के विदेश मंत्री मौलूद चावुश ओग़लू, जिनका देश ओआईसी का वर्तमान अध्यक्ष है, उनसे टेलीफ़ोन पर वार्ता की है। ज़रीफ़ ने चावुश ओग़लू से इस जघन्य अपराध पर मुस्लिम राष्ट्रों से अपनी चुप्पी तोड़ने और इसपर उचित प्रतिक्रिया का आह्वान किया।

ईरानी विदेश मंत्री ने न्यूज़ीलैंड में हुए आतंकवादी हमले के साथ-साथ इस्राईली सैनिकों और चरमपंथी यहूदियों द्वारा मुसलमानों के पहले क़िब्ले मस्जिदुल अक़्सा के बारमबार किए जा रहे अनादर की ओर इशारा करते हुए कहा कि, ओआईसी तुरंत राष्ट्राध्यक्षों या विदेश मंत्रियों के स्तर की एक आपातकालीन बैठक आयोजित करे।  ज़रीफ कई बार पश्चिमी देशों में इस्लामोफ़ोबिया को समाप्त करने का आह्वान कर चुके हैं। उन्होंने इस संबंध में कहा कि “क्राइस्टचर्च में हुए आतंकी हमले से पूरा ईरान गहरे सदमे में है और दुखी है, लेकिन हम हैरान नहीं हैं। अमेरिका ने कई मुस्लिम देशों के नागिरकों की अमेरिका यात्रा पर प्रतिबंध लगा दिया गया है  और फ्रांसीसी स्कूलों में इस्लाम धर्म का पालन करने की अनुमति नहीं है, हम ईरानियों को यह भी अच्छी तरह से पता है कि इस्लाम के ख़िलाफ़ किस तरह की नफ़रत फैलाई जा रही है।”

उल्लेखनीय है कि न्यूज़ीलैंड की मस्जिदों पर आतंकवादी हमला करने वाला आतंकी ब्रेंटन टैरेंट अमेरिकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प का समर्थक है और उसने आतंकी हमले से पहले ट्रम्प की जमकर तारीफ़ की है।

ज्ञात रहे कि शुक्रवार को न्यूज़ीलैंड के क्राइस्टचर्च शहर में दो मस्जिदों पर एक आतंकवादी ने अंधाधुंध फ़ायरिंग करके हमला किया था जिसमें 50 लोग शहीद हुए और 50 के क़रीब घायल हुए हैं।

बांग्लादेश सरकार ने इस्कॉन संतों को भारत में प्रवेश से रोका

चौंकाने वाली खबर 🚨  बांग्लादेश ने 63 इस्कॉन भिक्षुओं को भारत में प्रवेश करने से रोका सभी के पास वैध पासपोर्ट और वीज़ा थे। आव्रज...