Wednesday, March 27, 2019

सन्नी देओल भी भाजपा की टिकट पर पंजाब के गुरदासपुर से किस्मत आजमायेंगे, क्या!

भारत  में  लोकसभा चुनाव की सरगर्मी बढ़ती जा रही है. राजनीतिक पार्टियां जनता को लुभाने के लिए बॉलीवुड सितारों को चुनावी अखाड़े में उतारने में जुटी हैं. कल अभिनेत्री उर्मिता मातोंडकर कांग्रेस में शामिल होंगी. वहीं ऐसी चर्चा है कि दिग्गज अभिनेता सनी देओल भी लोकसभा चुनाव लड़ सकते हैं.


मीडिया रिपोर्ट्स में कहा जा रहा है कि सनी देओल बीजेपी के टिकट पर चुनाव लड़ेगे. हालांकि इसे लेकर बीजेपी या फिर सनी देओल की तरफ से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है.                               ऐसा कहा जा रहा है कि बीजेपी गुरदासपुर लोकसभा सीट से सनी दओल को चुनाव लड़ाना चाहती है. ये सीट पंजाब के 13 लोकसभा सीटों में से एक है.


दिवंगत अभिनेता विनोद खन्ना चार बार यहां से सांसद चुने गए. विनोद खन्ना 1999 से 2009 और 2014 से 2017 तक इस सीट से सांसद रहे. 2009 में विनोद खन्ना को इस सीट पर हार मिली और 2017 में उनके निधन के बाद ये सीट फिर से कांग्रेस के पाले में चली गई थी. 2017 के उपचुनाव में इस सीट पर  कांग्रेस के सुनील जाखर को जीत हासिल हुई थी.

Mumbai:Team Manipadma launches their programs at Impact Meet 2019

Manipadma is the world’s largest human development origins to have a world free of sufferings. The vision of Manipadma is to identify obsession for ownership as the root cause of all human sufferings. It also commits to global women empowerment as a highest priority measure for the upliftment of humanity.

Manipadma also acknowledges ruby consciousness as the collective consciousness for the next 2500 years. The organisation seeks to spearhead and felicitate supreme self intelligence.

Manipadma has several projects such as clubs council, human services and excellence projects, pilot stage, pilot programs, pilot initiatives, pre pilot projects, campaigns.


Manish Paliwal, founder, chairman and CMD, Manipadma had a keen interest in human development causes from a very young age. Darryl D’souza is a co-founder, prime director-technical and an apex member. Mandeep Dalor is a prime director- communications and an apex member.


Actress Deepshikha Nagpal, who graced the event, says, “I Believe in women empowerment so I appreciate that Manipadma has taken this step as it helps women who are undergoing depression. Even I was under depression once and I got support from my family as I was lost but but finally I overcame it and started working. I wanted to say all the best of luck to this great Initiative.”

भारत बना विश्व का चौथा महाशक्ति; जमीन से सेटेलाइट को मार गिराया ,इमरान की बेचैनी बढ़ी

 

नई दिल्लीः वर्तमान गरमागरम चुनावी माहौल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बड़ा एलान किया है ၊ उन्होंने कहा कि भारत ने आज अपना नाम अंतरिक्ष महाशक्ति के रूम में दर्ज करा दिया है. अभी तक दुनिया के तीन देश को यह उपलब्धि हासिल है भारत चौथा देश बना है. हमारे वैज्ञानिकों ने लो अर्थ ऑर्बिट लाइव सैटेलाइट को मार गिराया है. भारत ने यह ऑपरेशन मात्र तीन मिनट में पूरा कर लिया.


पीएम मोदी ने कहा, ''भारत ने आज एक अभूतपूर्व सिद्धि हासिल की है. भारत ने आज अपना नाम ‘स्पेस पावर’ के रूप में दर्ज करा दिया है. अब तक रूस, अमेरिका और चीन को ये दर्जा प्राप्त था, अब भारत को भी यह उपलब्धि हासिल की है.''

 कक्षा में लाइव सैटेलाइट को मार गिराने की क्षमता रखने वाला चौथा देश बन गया है. इससे पहले यह क्षमता अमेरिका, रूस और चीन के ही पास थी.


उधर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने ‘स्पेस पावर’को लेकर किए गए पीएम नरेंद्र मोदी के संबोधन पर निशाना साधा है. अखिलेश ने ट्वीट कर कहा, अखिलेश ने ट्वीट कर कहा, ''आज नरेन्द्र मोदी मुफ्त में घंटा भर टीवी पर रहे और उन्होंने आकाश की ओर इशारा कर बेरोजगारी, ग्रामीण संकट, महिला सुरक्षा जैसे जमीनी मुद्दों से देश का ध्यान बंटाया.डीआरडीओ और इसरो को बधाई, यह आपकी सफलता है. भारत को और सुरक्षित बनाने के लिए धन्यवाद.''

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि हमने जो नई क्षमता हासिल की है, यह किसी के खिलाफ नहीं है बल्कि तेज गति से बढ़ रहे हिन्दुस्तान की रक्षमात्मक पहल है.

आयोग ने दी चेतावनी,व्हॉट्सएप पर वायरल एक मैसेज पर बिल्कुल यकीन न करें

       

चुनाव आयोग ने भारतीय वोटर्स को चेतावनी दी है कि वो व्हॉट्सएप पर आए हुए एक मैसेज पर बिल्कुल यकीन न करें. इस मैसेज में यूजर्स से ये अपील की जा रही है कि वो ऑनलाइन भी वोटिंग कर सकते हैं.                                                       यहाँ क्लिक करें     .  .      .                             चुनाव आयोग प्रवक्ता शेफाली शरण ने ट्विटर पर यूजर्स को इस फेक मैसेज की जानकारी दी और कहा कि, ' ये फेक मैसेज कुछ यूजर्स के व्हॉट्सएप ग्रुप पर घूम रहा है. इस मैसेज में ये जानकारी दी गई है कि आप वोट के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं. इसके लिए आप लिंक क्लिक कर सकते हैं.                                                          के साथ ही शरण ने फेक व्हॉट्सएप मैसेज का स्क्रीनशॉट भी शेयर किया जिसमें ये कहा जा रहा है कि इंडियन पासपोर्ट होलडर्स ऑनलाइन वोट के लिए साल 2019 में अप्लाई कर सकते हैं.


बता दें कि नेशनल वोटर्स सर्विस पोर्टल वेबसाइट यानी किhttps://www.nvsp.inवेबसाइट पर यूजर्स जाकर कई सारी चीजें ऑनलाइन कर सकते हैं. इसमें वोटर आईडी कार्ड पर ऑनलाइन पता बदलना भी शामिल है.


बता दें कि 2019 लोकसभा चुनाव को लेकर ऑनलाइन और सोशल मीडिया पर फेक मैसेज को लेकर लगातार लोगों को सतर्क किया जा रहा है. जिसमें ये कहा जा रहा है कि वो ऐसे किसी भी जाल में न फंसे जिससे उनका नुकसान हो जाए ၊

Tuesday, March 26, 2019

बॉलीवुड की जानी मानी अभिनेत्री उर्मिला मातोंडकर कांग्रेस के टिकट पर लोकसभा चुनाव लड़ सकती हैं

लोकसभा चुनाव के लिए सभी पार्टियां कमर कस चुकी है. तोड़-गठजोड़ भी जारी है. राजनीतिक पार्टियां सिंगर सपना से लेकर बॉलीवुड के बड़े दिग्गजों तक को चुनावी मैदान में उतारना चाहती हैं. अब ऐसी खबरें हैं कि बॉलीवुड की जानी मानी अभिनेत्री उर्मिला मातोंडकर कांग्रेस के टिकट पर लोकसभा चुनाव लड़ सकती हैं.


खबरों के मुताबिक कांग्रेस इस अभिनेत्री को North Mumbai सीट पर अपना उम्मीदवार बना सकती है. उम्मीदवारी मिलते ही उर्मिता मातोंडकर तुरंत पार्टी में शामिल होंगी. इसी सीट से मराठी कलाकार आसावरी जोशी और टीवी कलाकार शिल्पा शिंदे के नाम भी है.


मुम्बई नार्थ वेस्ट सीट से कांग्रेस के उम्मीदवार संजय निरुपम के मुताबिक जिस उत्तर मुंबई सीट को उन्होंने छोड़ा है वहां से कोई कांग्रेस का नेता चुनांव लड़ने को तैयार नहीं. पिछली बार निरुपम यहां से साढ़े 4 लाख वोटों से हारे थे. यही वजह है कि इस बार कांग्रेस यहां से अभिनेत्री उर्मिला मातोंडकर को उतारने के लिए उन्हें मना रही है.


मुंबई कांग्रेस के नेता संजय निरुपम और मुंबई कांग्रेस प्रेसीडेंट मिलिंद देवरा ने इस बात की पुष्टि की है. संजय निरुपम ने बताया, ''हमने उनसे मुलाकात की है. हमने उनसे अनुरोध किया है कि वो नॉर्थ मुंबई लोकसभा सीट से चुनाव लड़ें.''


कांग्रेस नेताओं को लगता है कि उर्मिला मातोंडकर उनका ये प्रपोजल स्वीकार कर लेंगी और इस सीट पर उन्हें भारी मतों से जीत मिलेगी.


अभी इस सीट से बीजेपी के गोपाल शेट्टी सांसद हैं. उन्हीं के खिलाफ कांग्रेस उर्मिला मातोंडकर को चुनावी मैदान में उतारना चाहती है.


इस सीट से अभिनेता गोविंदा भी कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ चुके हैं. गोविंदा ने 2004 को लोकसभा चुनाव में इस सीट पर 5 बार सांसद रहे राम नाइक को हरा दिया था. 2009 में इस सीट से संजय निरूपम सांसद बने. इसके बाद 2014 में ये सीट कांग्रेस के हाथ से निकल गई

बिहार के औरंगाबाद जिले में वज्रपात से 4 व्यक्तियों की मौत

 

 अजय कुमार पांडे ၊                                      औरंगाबाद: ( बिहार ) मंगलवार की सुबह अचानक मौसम ने मिजाज बदल कर औरंगाबाद जिले के अंदर चार थाना क्षेत्र के विभिन्न स्थानों पर कहर बरपाते हुए 4 लोगों की जिंदगी ले ली ! बताया जाता है कि नवीनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत बज्रपात की वजह से बड़की पाडी गांव में नरेश पांडे नामक व्यक्ति की मौत हो गई ! दूसरी ओर माली थाना क्षेत्र अंतर्गत सहरसा गांव में भी थाना प्रभारी के मुताबिक बज्रपात से ही रूपा कुमारी की मौत हो गई ! तीसरी वज्रपात से अंबा थाना क्षेत्र अंतर्गत जौडा गांव में नरेश पासवान की हो गई है !  इसकी पुष्टि भी अंबा थाना प्रभारी वीरेंद्र राम ने किया है !  चौथी बज्रपात से हुई मौत  की जानकारी  ओबरा थाना क्षेत्र अंतर्गत  अतरौली गांव का  टोला  कंचन बीघा कि मिली ! जहां मृतक का नाम धन मतिया देवी बताया गया है ! इस संबंध में जब नबीनगर थाना प्रभारी से संवाददाता ने सरकारी मोबाइल नंबर पर फोन कर जानकारी लेना चाहा तो काम में व्यस्त होने का हवाला देते हुए कहा कि घटना हुई है !  सुरेंद्र बाबू के मोबाइल पर लगा कर बात कर लीजिए ! सदर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी से जब ओबरा थाना प्रभारी का मोबाइल नंबर मांग कर जानकारी लेना चाहा तो कहा कि कुछ समय लगेगा ! ऐसे आप सरकारी मोबाइल नंबर का अंतिम सीरियल 35  लगा कर देख लीजिए ! संभवत  यही नंबर होगा !  जब संवाददाता ने कहां के ओबरा थाना प्रभारी का निजी नंबर होता है !  तब कहा कि सरकारी नंबर लगा कर देखिए न! लेकिन संवाददाता ने जब ओबरा थाना का अंतिम नंबर 35 डायल करना चाहा तो दूसरे थाने का नंबर था !  अंत में घटना से संबंधित जानकारी लेने के उद्देश्य से औरंगाबाद सिविल सर्जन के सरकारी नंबर पर फोन किया गया तो कहा कि मैं मुख्यालय में नहीं हूं ! आप उपाधीक्षक राजकुमार बाबू से बात कर लीजिए ! जब उनके सरकारी मोबाइल नंबर पर फोन किया गया तो फोन काट दिया गया !

जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग में भाषाविद् डाॅ. जाॅन पीटरसन, जर्मनी के कील स्थित क्रिश्चयन अल्ब्रेच्टस यूनिवर्सिटि में भाषा-अध्ययन एवं शोध विषय पर संगोष्ठी

रांची : आज दिनांक 26 मार्च, दिन मंगलवार को राम लखन सिंह यादव महाविद्यालय, रांची में प्राचार्य डाॅ. मनोज कुमार की अध्यक्षता में जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषा विभाग में भाषाविद् डाॅ. जाॅन पीटरसन जर्मनी के कील स्थित क्रिश्चयन अल्ब्रेच्टस यूनिवर्सिटि में लिंग्वेटिक के प्रोफेसर के द्वारा भाषा-अध्ययन एवं शोध विषय पर अपना विचार रखें। झारखंड के भाषाओं के प्रति वे गहन अध्ययन कर व्याकरण पर भी कार्य किये हैं। विश्व के भाषाओं के साथ झारखंडी भाषाओं का संबंध एवं महत्व के बारे बताया। आगे उन्होंने झारखंड के आर्य भाषा परिवार में नागपुरी, कुरमालि, खोरठा, पंचपरगनिया, आॅस्ट्रिक भाषा परिवार के खड़िया, मुण्डारी, संताली, हो, द्रविड़ भाषा परिवार के कुड़ुख भाषाओं के महत्व एवं रहस्यों के बारे में भी बताया।

 भाषा को लुप्त होने से बचाने के लिए घर-परिवार में अपनी भाषा में बात करने पर जोर दिया जाना आवश्यक है। झारखंडी भाषाओं में यहां के लोगों की आत्मा है, क्योंकि बहुत से भाषाओं में पारम्परिक रीति रिवाज एवं औषधीय गुणों के बारे में जानकरी मिलती है। उन्होंने कहा कि भाषाओं के अध्ययन में वैज्ञानिक तरीकों का प्रयोग करना चाहिये। कोई भी भाषाएं गलत नहीं हो सकती हैं। सभी भाषाएं स्टैंडर्ड होती हैं। हमारे लिये सिर्फ भाषाएँ हैं, शब्द हैं, मान्यताएं नहीं हो सकती। उन्होंने भाषाओं के विविध आयामों पर प्रकाश डालते हुये कहा कि भाषा अलग होती है और व्याकरण अलग। यह भाषा वैज्ञानिक के लिये भी जरुरी है। उन्होंने कहा कि पूरी दुनिया में सात हजार भाषाएँ बोली जाती है। हरेक वर्ष कुछ भाषाएँ विलुप्त हो रही हैं। हमें भाषाओं के बीच के अन्तर और सामंजस्य को जानना होगा। भाषा विज्ञान के बारे में सीखना चाहिये साथ ही अपनी भाषाओं के बारे में खुद लिखना चाहिये। उन्होंने कहा कि भाषाओं को जानने व समझने के लिये फिल्ड वर्क होना चाहिये। लोगों के बीच जाकर बोलना और पूछना चाहिये। 

विभागाध्यक्ष डाॅ. खालिक अहमद ने विषय प्रवेश कराते हुए कहा कि डाॅ. पीटरसन जैसे विद्वानों का आना और भाषा के प्रति कार्य करने की रूचि को देखते ही बनती है। यहां के खड़िया और नागपुरी भाषाओं में कार्य किये हैं और आगे अन्य भाषाओं पर भी काम करना चाहते हैं। हमें भी अपनी भाषा और संस्कृति को बचाने के लिये जमीनी स्तर पर एक मुहिम छेड़ने की जरुरत है। उन्होंने कहा कि भाषा से ही हमारी पहचान है। मातृ भाषा हमारी आत्मा होती है, इसके बगैर हमारा कोई भी अस्तित्व नहीं है। जनजातीय और क्षेत्रीय भाषाओं के प्रति लोगों की घटती रुचि पर चिंता व्यक्त करते हुये उन्होंने कहा कि हमें अपनी भाषाओं पर अधिक से अधिक लेखन कार्य करने की जरूरत है साथ ही लोगों को इसकी महत्ता से रुबरु कराने की भी आवश्यकता है ၊

रांची विश्वविद्यालय के प्राध्यापक बीरेन्द्र कुमार महतो ने डाॅ. पीटरसन के कार्यों पर प्रकाश डालते हुए बताया कि डाॅ. पीटरसन 2001 में झारखंड आये। खड़िया पर तीन डिक्शनरी लिखे। नागपुरी भाषा पर 2010 में डिक्शनरी पर काम किये। इसके साथ-साथ मुण्डारी, संताली, कुड़ुख आदि भाषाओ पर भी कार्य करने की रूची रखते हैं। श्री महतो ने कहा कि किसी व्यक्ति अथवा समुदाय को नष्ट करना है तो उनकी भाषा और संस्कृति को नष्ट कर दीजिये, वे स्वतः ही नष्ट हो जायेंगे। झारखंड की कई जनजातीय एवं क्षेत्रीय भाषाओं का अस्तित्व खतरे में है। हमें उन भाषाओं के संरक्षण और संवर्द्धन की दिशा में कार्य करने की आवश्यकता है।

प्राचार्य डाॅ. मनोज कुमार ने अध्यक्षीय भाषण में कहा कि यह महाविद्यालय के इतिहास में आज स्वर्णिम दिन यानि गोल्डेन डे है जो जर्मनी के विद्वान झारखंडी भाषाओं पर कार्य कर रहे हैं और वैसे विद्वान का व्याख्यान काॅलेज में होना ही सौभाग्य की बात है। इसलिए लोगों को अपनी भाषा के प्रति शर्म  नहीं होनी चाहिए बल्कि गर्व की बात है। हमें अपनी भाषा-संस्कृति को सजाने व संवारने का संकल्प लेना होगा। जब दूसरे देश के भाषा विद्वान हमारी भाषाओं को बचाने की दिशा में प्रयासरत हैं तो हम और आप यह कार्य क्यों नहीं कर सकते। उन्होंने खासकर के युवाओं से इस दिशा में आगे आने की बात कही। 


इस मौके पर प्रोफेसर (डॉ.) पीटरसन एवं अन्य अतिथियों ने भाषा संस्कृति को बचाने के संकल्प के साथ महाविद्यालय परिसर में शाल (सखुआ) का पौधा लगाया। पौधा रोपण के पश्चात प्रोफेसर पीटरसन ने कहा कि मैंने जिंदगी में पहली बार कोई पौधा लगाया है। जिस तरह यह सखुआ का पौधा विशाल वृक्ष का रुप धारण करेगा, उसी प्रकार यहाँ की भाषाएँ समृद्ध हों ताकि यहाँ की संस्कृति पूरी दुनिया के लिये एक मिशाल बन सके। हम और अधिक उन्नत हों। क्योंकि भाषा और संस्कृति को बचाये रखने के लिये हमें स्वच्छ वातावरण की भी आवश्यकता होगी।


महाविद्यालय के छात्र-छात्राओं ने पारम्परिक तरीके से अतिथियों का स्वागत किया। साथ ही सॉल और पुष्प गुच्छ देकर के अतिथियों का स्वागत किया गया। कुडुख भाषा के प्राध्यापक डाॅ. ए. खाखा ने स्वगत भाषण से अतिथियों का स्वागत किया।

मंच संचालन डाॅ. स्मिता किरण टोपो तथा धन्यवाद ज्ञापन डाॅ. दिनेश कुमार ने किया। 

व्याख्यानमाला में मुख्य रुप से डाॅ. अजीत मुण्डा, प्रो. अमर कुमार, प्रो. सरोज कुमारी खलखो, डाॅ. किरण मिंज, प्रो. लाउलिन होरो, डाॅ. पारूल, डाॅ. मनीष चन्द्र टुडु डाॅ. स्नेहलता, डाॅ. कुमारी रीता, डाॅ. नीता लाल, डाॅ. मृदुला प्रसाद, डाॅ. विजय कुमार साथ ही छात्र-छात्राओं में पप्पु कुमार, सरिता कुमारी, सोनु सोपवार, संजय मुण्डा,सुनिता कुजुर, मनिता तिग्गा, अमन मुण्डा के अलावे महाविद्यालय के छात्र छात्राएं उपस्थित थे।

बांग्लादेश सरकार ने इस्कॉन संतों को भारत में प्रवेश से रोका

चौंकाने वाली खबर 🚨  बांग्लादेश ने 63 इस्कॉन भिक्षुओं को भारत में प्रवेश करने से रोका सभी के पास वैध पासपोर्ट और वीज़ा थे। आव्रज...