Wednesday, March 20, 2019

यह खबर भाजपा टिकट दावेदारों के धड़कनों को तेज कर देगी, छ्त्तीसगढ़ के किसी भी सिटींग एमपी को टिकट नहीं!!

 

आगामी लोकसभा चुनाव के लिए छत्तीसगढ़ में भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के सभी 10 सांसदों के लिए एक बुरी खबर है। यह खबर झारखण्ड सहित सभी प्रदेशों के दावेदारों की धड़कने तेज कर देगी ၊ पार्टी इस बार सूबे में किसी भी मौजूदा सांसद को टिकट नहीं देगी। छत्तीसगढ़ बीजेपी के इंचार्ज और पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव अनिल जैन ने कहा है कि सभी 10 सांसदों को बदला जाएगा। अनिल जैन के मुताबिक, पार्टी की केंद्रीय चुनाव समिति ने इस प्रस्ताव को मंजूरी भी दे दी है।

 फिलहाल बीजेपी ने अपने उम्मीदवारों की कोई भी सूची जारी नहीं की है। आपको बता दें कि छत्तीसगढ़ के पूर्व सीएम रमन सिंह के बेटे अभिषेक सिंह भी राजनांदगांव सीट से वर्तमान सांसद हैं। अगर सभी सांसदों का टिकट काटा जाता है तो उनपर भी गाज गिर सकती है। हालांकि, सूत्रों के हवाले से यह भी कहा जा रहा है कि अभिषेक की जगह पर उनके पिता रमन सिंह को टिकट देकर उन्हें केंद्र की राजनीति में लाया जा सकता है। 


विधानसभा चुनाव में हार के बाद नई रणनीति? 

कहा जा रहा है कि सांसदों को लेकर ऐंटी इन्कंबेंसी और 2018 के विधानसभा चुनावों के परिणाम को देखते हुए पार्टी सभी सांसदों के स्थान पर नए चेहरों को मौका देने की रणनीति अपनाएगी। पार्टी नेता अनिल जैन ने कहा कि बीजेपी छत्तीसगढ़ की सभी 11 सीटों पर नए उम्मीदवार उतारेगी और सभी सीटों पर जीत हासिल करेगी। वहीं, कांग्रेस ने 11 में से 5 आरक्षित सीटों के लिए अपने उम्मीदवारों का ऐलान कर दिया है

यमन में मानवीय और राजनीतिक स्थिति पर ध्यान केन्द्रित किया

यूरोपीय संघ की ओर से जारी होने वाली विज्ञप्ति में आया है कि यमन में मानवीय और राजनीतिक स्थिति पर ध्यान केन्द्रित किया गया।

अमेरिका के राष्ट्रपति डॉनल्ड ट्रंप ईरान को कमज़ोर करने के लिए नित नये प्रयास करते रहते हैं, ईरानोफोबिया को हवा देते रहते हैं इसी प्रकार वह ईरान के खिलाफ क्षेत्रीय देशों की सम्मिलिती से गठबंधन बनाने की बात करते हैं और उन्होंने ईरान के खिलाफ सबसे कड़ा प्रतिबंध भी लगा दिया है परंतु उनके इन समस्त प्रयासों के बावजूद अंतरराष्ट्रीय शक्तियों ने मध्यपूर्व में ईरान की रचनात्मक भूमिका को स्वीकार किया है।

यूरोपीय संघ अमेरिका का बड़ा व महत्वपूर्ण भागीदार है और उसके तीन महत्वपूर्ण सदस्यों जर्मनी, फ्रांस और ब्रिटेन ने भी क्षेत्र के महत्वपूर्ण मामलों के संबंध में तेहरान से विचार- विमर्श के जारी रहने पर बल दिया है।

इसी परिप्रेक्ष्य में यूरोपीय संघ ने एक विज्ञप्ति जारी करके घोषणा की है कि ईरान और यूरोपीय संघ के चार देशों ने सोमवार को ब्रसल्ज़ में मध्यपूर्व के मामलों के संबंध में एक दूसरे से विचार- विमर्श किया है।

यूरोपीय संघ क्षेत्र में अपने हितों के दृष्टिगत सीरिया, इराक और यमन जैसे देशों में ईरान की रचनात्मक भूमिका से भली- भांति अवगत है और वह अच्छी तरह जानता है कि ईरान के ध्यान को आकर्षित किये बिना क्षेत्र में प्रभावी भूमिका नहीं निभा सकता।

यूरोपीय संघ की विदेश नीति आयुक्त की सहायक हेलगा शिमिद की अध्यक्षता में ब्रसल्ज में यह बैठक हुई। इस बैठक में ईरानी प्रतिनिधिमंडल विदेशमंत्री के सहायक हुसैन जाबिरी अंसारी की अध्यक्षता में मौजूद था।

इस बैठक की समाप्ति पर यूरोपीय संघ की ओर से जो विज्ञप्ति जारी की गयी उसमें आया है कि इस बैठक में यमन में मानवीय और राजनीतिक स्थिति पर ध्यान केन्द्रित किया गया। इसी प्रकार इस बैठक में भाग लेने वालों ने निकट भविष्य में इस प्रकार की दूसरी बैठक करने पर सहमति की है।

यमन संकट के समाधान के संबंध में ईरान का दृष्टिकोण यह है कि राजनीतिक मार्ग से यमन संकट का समाधान किया जाये।

इसी प्रकार ईरान का मानना है कि इसके लिए यमन पर सऊदी अरब के हमलों को तुरंत बंद किया जाना चाहिये।

ब्रसल्ज़ में जो बैठक हुई यूरोपीय पक्ष ने भी इस बैठक में यमन संकट के समाधान के संबंध में ईरान जैसा दृष्टिकोण अपनाया है। इसी प्रकार इस बैठक में भाग लेने वाले समस्त पक्षों ने बल देकर कहा है कि यमन संकट का समाधान राष्ट्रसंघ की निगरानी में होना चाहिये। 

Tuesday, March 19, 2019

राजनीति-भाजपा के दबाव के कारण पुण्य प्रसून की सूर्या समाचार से विदाई हुई

पिछले दिनों एबीपी न्यूज़ से निकाले जाने के कारण चर्चा में आए पुण्य प्रसून बाजपेयी को एक बड़ा झटका लगा है। उन्होंने सूर्या समाचार न्यूज चैनल जॉइन किया था जो अब सत्ता के दबावों के आगे रेंगने को तैयार है और पुण्य प्रसून और उनकी टीम को बाहर निकाल रहा है।


पुण्य प्रसून और उनकी टीम को सूर्या समाचार चैनल के मालिकों की तरफ से एक मेल प्राप्त हुआ है, जिसमें पुण्य प्रसून बाजपेयी और उनकी टीम के लोगों को सर्विस से 31 मार्च को खत्म करने की बात कही गयी है। लेटर की एक कॉपी भड़ास4मीडिया डॉट कॉम के पास सबसे पहले पहुंची, वहीं से उठाकर लोकवाणी ने भी लेटर को यहां अपलोड किया है।



पुण्य प्रसून की टीम के एक वरिष्ठ पत्रकार ने बताया, “खबर बिकुल सही है हमारी विदाई तय हो गयी है। टीम की सच्ची पत्रकारिता के कारण मोदी सरकार दबाव में थी और सरकार के कई मंत्री सूर्य समाचार के मालिक के पीछे पड़े हुए थे। इतना ही नहीं मालिक को इतना डराया गया है कि उसको हथियार डालने पड़े।” सूर्या समाचार के मालिक बीपी अग्रवाल का मूल काम बिस्किट बनाने का काम है।


खैर 31 मार्च का दिन पुण्य और उनकी टीम का आखरी दिन होगा और सभी को ऑफिसियल कार्रवाही पूरा करने के लिए कहा गया है।



 

अब सवाल ये है कि 31 मार्च के बाद पुण्य प्रसून और उनकी टीम क्या करेगी।


तेजतर्रार और मीडिया के अंदरखाते फरोलने वाली वेबसाइट भड़ास और उनके सम्पादक ने पहले ही, पुण्य के ज्वाइन करते समय ही ये भविष्यवाणी कर दी थी कि बिस्किट किंग बीपी अग्रवाल देर तक पुण्य प्रसून के तेवर वाली पत्रकारिता को झेल न पाएंगे।

प्रमोद सावंत बने गोवा के नए सीएम, देर रात दो बजे ली शपथ

मनोहर पर्रिकर के निधन के बाद भारतीय जनता पार्टी के प्रमोद सावंत गोवा के मुख्यमंत्री बनाए गए हैं। सावंत ने सोमवार देर रात दो बजे गोवा के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। उनके साथ महाराष्ट्रवादी गोमांतक पार्टी के सुदीन धवलीकर और गोवा फॉरवर्ड पार्टी के प्रमुख विजय सरदेसाई के उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली।


शपथ लेने के बाद सीएम सावंत ने इसे बड़ी जिम्‍मेदारी करार देते हुए कहा कि वह मनोहर पर्रिकर के सपनों को पूरा करते हुए गोवा के लोगों की सेवा करेंगे। उन्‍होंने कहा कि वह गोवा के विकास को लेकर मनोहर पर्रिकर के द‍ृष्टिकोण को जारी रखेंगे। हम सब उनके सपनों को पूरा करेंगे।' अपनी बात कहते-कहते सावंत भावुक हो गए। 


46 साल के सावंत आरएसएस काडर से आने वाले गोवा में बीजेपी के अकेले विधायक हैं। इससे पहले वह पार्टी के प्रवक्ता और गोवा विधानसभा के अध्यक्ष रहे हैं। सावंत का शपथ ग्रहण रात 11 बजे होना था लेकिन सहयोगी दलों की खींचतान की वजह से यह टलता रहा। आखिरकार देर रात दो बजे सावंत ने दो उपमुख्यमंत्रियों और 9 मंत्रियों के साथ सीएम पद की शपथ ली।


इन मंत्रियों में एमजीपी के दो सुदीन धावलिकर और मनोहर अजगांवकर के अलावा गोवा फॉरवर्ड पार्टी के विजय सरदेसाई, विनोद पालीकर और जयेश सलगांवकर शामिल हैं। वहीं बीजेपी के मौविन गौदिन्हो, विश्वजीत राणे, मिलिंद नाईक और निलेश नाईक को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई गई। इसके अलावा निर्दलीय विधायकों रोहन खवंटे और गोविंद गावडे को भी मंत्री पद दिया गया है।

हर दिल अजीज वार्ड पार्षद अमित बरदियार नहीं रहे,गिरिडीह-देवघर मार्ग पर भीषण सड़क दुर्घटना में हुई दर्दनाक मौत

रफ़्तार का दर्दनाक कहर 

वार्ड पार्षद समेत दो की मौत 

दो बच्चे समेत 7 की स्थिति नाजुक 

वार्ड पार्षद सपरिवार पूजा करने जा रहे थे देवघर 

शहर में शोक की लहर 

 रिपोर्ट भरत मंडल की ၊                                 गिरिडीह : 19.03.19 : होली के एक दिन पहले रंग में भंग डालने वाले एक खबर ने गिरिडीहवासियों  को  सकते में डाल दिया । यहाँ तेज रफ़्तार की कहर ने हर दिल अजीज कहे जाने वाले वार्ड पार्षद अमित बरदियार को हमेशा के लिए सुला दिया। 

दरअसल गिरिडीह देवघर मुख्य मार्ग पर स्थित कर्णपुरा के पास स्कॉर्पियो और आल्टो की सीधी टक्कर से एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ. हादसे में वार्ड पार्षद अमित बरदियार समेत दो लोगो की जान चली गयी ၊

जबकि घटना से वार्ड पार्षद के पत्नी, बच्चे व भाई समेत कुल 7 लोग गंभीर रूप से घायल हो गया. 

सभी घायलों की स्थिति गंभीर बनी हुई है जिसे बेहतर इलाज के धनबाद पीएमसीएच में भर्ती कराया गया है. घटना की सुचना मिलते ही विधायक निर्भय शाहबादी, मेयर सुनील पासवान, उपमेयर प्रकाश सेठ, पूर्व नप अध्यक्ष दिनेश यादव, अधिवक्ता संघ के सचिव चुन्नूकांत समेत कई वार्ड पार्षद एंव अन्य समाजसेवी मौके पर पहुंचकर घायलों के स्थिति का जायजा लिया

मुंब्रा में फिर दिखे राजू पाटिल,उड़ी शिवसेना के श्रीकांत सिंदे की निंद

मुंंब्रा। नवनिर्माण सेना (मनसे) के प्रमोद राजू पाटिल लगभग पांच साल पहले कल्याण लोकसभा क्षेत्र से चुनाव लडे तो वह उस समय दिखे और उनकी होर्डिंगे दिखाई दी थी, लेकिन उसके बाद न तो राजू पाटिल दिखे और न ही उनकी 
होर्डिंगें दिखी। अब फिर सांसद का चुनाव आ गया है, अभी तो वह नहीं दिखे लेकिन "होली मुबारक" हो की उनकी होर्डिंगें
मुंंब्रा-कौसा में दिखाई दे रही है। सुत्रों के मुताबिक मुंंब्रा कौसा में राजू पाटिल की होली की हार्दिक शुभकामनाओं की लगी इन दर्जनों होर्डिंगों से शिवसेना के सांसद श्रीकांत शिंदे और पालक मंत्री एकनाथ शिंदे के समर्थकों में खलबली मच गई है। क्योंकि जिस दबंगई से राजू पाटिल ने पिछला लोकसभा चुनाव मुंंब्रा कौसा में लडा था, वह अपने आप में एक मिसाल है।
इसे देखते हुए कहा जा सकता है कि श्रीकांत शिंदे के लिए आगे की राह आसान नहीं है। अभी तक ऐसा माना जा रहा था कि एनसीपी के नगरसेवक बाबाजी पाटिल को प्रोजेक्ट करके एनसीपी के स्थानीय नेता शिवसेना से 20-20 का मैच खेलना चाह रहे थे, लेकिन राजू पाटिल कि मुंंब्रा कौसा में होर्डिंगें लगने से मुकाबला वंडे मैच का हो सकता है। वहीं अगर मनसे और एनसीपी का कल्याण लोकसभा क्षेत्र के लिए गठबंधन होता है तो, यह देखना दिलचस्प होगा कि दोनों पार्टियां उत्तर भारतीय मतदाताओं को कैसे संभालती है। जबकि विरोध कि आसंका बनी रहेगी।वहीं मुस्लिम लीग ने भी मुंंब्रा से एक ताकतवर उत्तर भारतीय नेता को मैदान में उतारने की पुरी तैयारी कर ली है, इससे अब मुकाबला त्रिकोणा हो सकता है।

Monday, March 18, 2019

पबजी खेलने के दौरान ट्रेन की चपेट में आ गए, दोनों की हुई मौत

मुंबई: ऑन लाइन मोबाइल गेम पब जी किस कदर जानलेवा साबित होता जा रहा है कि युवा अपनी जान भी गंवा रहे हैं .महाराष्ट्र के हिंगोली जिले में दो युवक आनलाइन गेम पबजी खेलने के दौरान ट्रेन की चपेट में आ गए जिसमें उनकी मौत हो गयी. पुलिस ने रविवार को यह जानकरी दी. एक अधिकारी ने बताया कि यह घटना शनिवार की शाम हिंगोली में हुई. उन्होंने बताया कि मृतक की पहचान नागेश गोरे (24) और स्वप्निल अन्नापूर्णे (22) के रूप में हुयी है. वे दोनों रेल पटरियों के पास पबजी खेल रहे थे और अचानक हैदराबाद-अजमेर ट्रेन की चपेट में आने से उनकी मौत हो गई.


लोगों को देर रात दोनों के शव मिले. इस घटना के सिलसिले में दुर्घटनावश मौत की एक रिपोर्ट हिंगोली थाने में दर्ज करायी गयी है. पबजी दक्षिण कोरियाई मूल का एक ऑनलाइन गेम है. विशेषज्ञों के अनुसार इस गेम की लत लग जाती तो इसे खेलने वाले लोगों में हिंसक प्रवृत्ति बढ़ जाती है.

 इससे पहले गुजरात में पबजी गेम खेलने वालों पर पुलिस ने कार्रवाई की है. पबजी गेम खेलने के कारण पुलिस ने वहां तीन लोगों को शनिवार को गिरफ्तार किया. गिरफ्तारी के बाद अधिकारी ने बताया कि ये लोग प्रतिबंध के बावजूद राज्य में यह गेम खेल रहे थे.


गुजरात के कई जिलों में पबजी गेम के खेलने पर प्रतिबंध लगा हुआ है. इसके पीछे का कारण बताया जाता है कि इस गेम के खेलने से लोगों के अंदर हिंसक प्रवृत्ति बढ़ती है.

बांग्लादेश सरकार ने इस्कॉन संतों को भारत में प्रवेश से रोका

चौंकाने वाली खबर 🚨  बांग्लादेश ने 63 इस्कॉन भिक्षुओं को भारत में प्रवेश करने से रोका सभी के पास वैध पासपोर्ट और वीज़ा थे। आव्रज...