Thursday, March 5, 2020

कोरोना वायरस से कैसे निजात पाया जाए, इसको लेकर सरकार चिंतित... हेमन्त सोरेन, मुख्यमंत्री, झारखण्ड



रांची।
मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि *कोरोना वायरस* आपदा जैसी है, इससे कैसे निजात पाया जाए। सरकार इस विषय को लेकर चिंतित है। यह अधिक से अधिक न फैले इसपर सरकार कार्य कर रही है। मैं राज्यवासियों से अपील करता हूं कि वे खुद की सुरक्षा का पूरा ध्यान रखें। हर तरह का एहतियात राज्य के लोग बरतें। जहां तक उल्लास से भरे रंगों के त्योहार होली की बात है, तो अब ये भी राज्यवासियों को तय करना है कि वे होली का सत्कार कैसे करेंगे। लोग शुभकामनाएं लेंगे और देंगे। लेकिन उसका तरीका क्या हो। यह लोग ही तय करें। बस इस वायरस से बचने के उपायों पर ध्यान केंद्रित कर हमें कार्य करना है। इससे बचने के लिए अब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर होने वाले खेल के आयोजनों को भी स्थगित करने की सूचना आ रही है, जो इंगित करता है कि सतर्कता भी बचाव माध्यम हो सकता है।

*रांची:झारखंड के डॉक्टर ने बताया कैसे बचें Coronavirus से, सरकार ने जारी किया हेल्पलाइन नंबर



रांची : दुनिया भर में खौफ मचा देने वाले कोरोना वायरस (Coronavirus) को लेकर झारखंड सरकार भी अलर्ट मोड में आ गयी है. बोकारो के सिविल सर्जन (CS) डॉ अशोक कुमार पाठक ने कोरोना वायरस (Coronavirus) से बचने के कुछ टिप्स दिये हैं, तो स्वास्थ्य विभाग ने इस संबंध में हेल्पलाइन नंबर जारी किये हैं. कोरोना वायरस से संबंधित हेल्पलाइन नंबर 0651-2542700 और 09955837428 पर लोग विशेष जानकारी ले सकेंगे और कोरोना पीड़ितों के बारे में सूचना दे भी सकेंगे.

बोकारो के सिविल सर्जन ने कहा है कि इस घातक बीमारी से बचने का सबसे उचित माध्यम जागरूकता है. इससे बचाव के लिए हमेशा साबुन से हाथ धोयें, अधपका मांस न खायें, घर को पूरी तरह से साफ-सुथरा रखें, यदि खांसी होती है, तो उस समय मुंह पर रुमाल रखें, सर्दी, खांसी, जोड़ों और गर्दन में दर्द होने पर तुरंत डॉक्टर के पासे जायें और विशेषज्ञ का परामर्श लें.

कोरोना वायरस से बचने के जरूरी टिप्स

हाथ को हमेशा साबुन से धोयें

अधपका मांस कभी न खायें

घर में साफ-सफाई का पूरा ध्यान रखें

खांसते समय मुंह पर रुमाल जरूर रखें

सर्दी-खांसी, जोड़ों और गर्दन में तेज दर्द हो, तो तुरंत डॉक्टर के पास जायें

डॉक्टर की सलाह को बिल्कुल नजरअंदाज न करें

यदि मन में कोरोना का खौफ हो, तो मास्क लगा लें, सुरक्षित रहेंगे।

छब्बीस अक्षर अंगरेजिया नाम अल्फाबेट लागे रे की असलियत,काम किसी और का नाम किसी अन्य का


सोशल मीडिया में वायरल कोई बात किस कदर फैलती है इसका एक सनसनीखेज मामला प्रकाश में आया है ၊ हाल ही में खोरठा भाषा में कर्णप्रिय गीत के माध्यम से बच्चों को अंग्रेजी सिखाने वाले शिक्षक की बॉलीवुड में सदी के महानायक अमिताभ बच्चन तथा प्रसिद्ध कवि कुमार विश्वास ने प्रशंसा की थी ၊ कई टीवी चैनलों ने आपाधापी में इसे मुख्य खबर तक बनाया ၊ लेकिन आपको बता दें कि इस गीत के रचयिता उक्त युवा शिक्षक नहीं बल्कि डुमरी निवासी सेवानिवृत पैंसठ वर्षीय शिक्षक राम किशुन सोनार हैं ၊ वे उत्क्रमित मध्य विद्यालय चेगड़ो (डुमरी-2 ,गिरिडीह ) से सेवा निवृत शिक्षक है व फिलहाल ग्राम जामतारा, थाना व अनुमंडल डुमरी, जिला गिरिडीह के निवासी हैं। यह पेशा से शिक्षक के अलावा कवि , गीतकार व रेडियो लोक गीत गायक कलाकार भी हैं । इनके खोरठा में लिखे सौ से भी अधिक गीत 'दुनिया हो गइले वीरान ,करलह बसंत चितचोरी , जे पियवा खातीर , उमड़ल बदरिया ,देश हो ले आजाद आदि कई पत्र पत्रिकाओं शशांक , सेवाति , नभाटा आदि में पूर्व में प्रकाशित हो चुके हैं ၊ उन्होंने बताया कि एक बार गिरिडीह डीएसइ के कार्यक्रम में आमंत्रण मिलने पर इन्होंने छब्बीस अक्षर अंग्रेजिया की रचना की थी ၊ इनका कहना है कि सेवाकाल के दौरान सर्व शिक्षा अभियान के तहत जहाँ कहीं प्रशिक्षण या कार्यक्रम हुआ करता था वे सक्रियता से सम्मिलित होते रहे हैं। यहाँ तक कि सेवा निवृति के बाद भी इन्हें उत्क्रमित +2 उच्च विद्यालय असुरबांध (डुमरी) गिरिडीह में डीईएलएड के प्रशिक्षण केन्द्र में प्रशिक्षक के रूप में आमंत्रित किया गया था।वहां भी इन्होंने अपने बरसो पुराने गीत - "छब्बीस अक्षर अंगरेजिया नाम अल्फाबेट लागे रे" को प्रशिक्षण के दौरान प्रस्तुत किया था जिसे कई प्रशिक्षु युवकों ने अपने स्मार्ट मोबाइल फोन द्वारा रिकॉर्ड किया था। बाद में वही गीत इन दिनों वाट्सएप व यूट्यूब पर काफी चर्चित हो रहा है। हालांकि इस बात को लेकर इन्हें काफी खुशी है कि इनके द्वारा रचित गीत खूब सराहे जा रहे हैं। लेकिन उन्हें इस बात को लेकर काफी दुख व एतराज भी है कि वीडियो बनाकर सोशल मीडिया में वायरल कर सुर्खियां बटोरने वाले परमेश्वर यादव ने प्रस्तुति के क्रम में रचनाकार के रूप में उनके नाम का जिक्र नहीं किया, जिस पर इन्होंने आपत्ति प्रकट की है । उधर युट्यूब व ट्वीटर के माध्यम से प्रसिद्धि प्राप्त श्री यादव ने इस संवाददाता को पूर्व में तो बताया कि उक्त गीत उन्हीं की रचना है ၊ जब उनसे पूछा गया तो आगे कहा कि जब वे मध्य विद्यालय में छात्र थे तभी 2006 में लिखा था ၊ किन्तु 2008 में मैट्रिक पास श्री यादव ने पुनः भूल सुधार करने की कोशिश की ၊

ईरान के उपराष्ट्रपति में दिखा संक्रमण,कुल संक्रमित मरीजों की संख्या बढ़कर 2922 हुए


ईरानी अस्पताल में कोरोनोवायरस बॉडी बैग्स दिखाने का दावा करते हुए फुटेज सामने आया है - जैसा कि देश का पहला उपराष्ट्रपति 'संक्रमित है', बीमारी 8% सांसदों को प्रभावित कर चुकी है और 54,000 मतदाताओं को अभी छोड़ दिया जाता है। बीमारी फैलने से रोकें
तेहरान ने घोषणा की कि आज कुल संक्रमण बढ़कर २, ९ २२ हो गया और कहा गया कि देश के सबसे वरिष्ठ वीपी, इशाक जहाँगीरी, बीमारी का अनुबंध करने वाले नवीनतम हाई-प्रोफाइल व्यक्ति थे।

कथित रूप से चिकित्सा कर्मियों द्वारा फुटेज को उत्तरी ईरानी प्रांत के कोम शहर में एक अस्पताल में उसी नाम से दर्ज किया गया था, जहां कोरोनोवायरस, जिसे आधिकारिक तौर पर विश्व स्वास्थ्य संगठन द्वारा COVID-19 नाम दिया गया था, पहली बार पता चला था।

रांची: रांची के दंपति में दिखे कोरोना के लक्षण, खिलाड़‍ियों का नॉनवेज रोका, हर हाथ में नींबू



रांची।
 कोरोना वायरस को लेकर झारखंड में भी धीरे-धीरे लोगों में दहशत का माहौल बन रहा है। रांची के रिम्स में कोरोना के चार संदिग्ध भर्ती किए जाने के बाद अब हर जगह कोरोना वायरस के बारे में बातें होने लगी हैं। इन संदिग्‍धों में दो रांची, एक धनबाद और एक पलामू का युवक है। इन सभी का आइसोलेशन वार्ड में इलाज रहा है। कहा जा रहा है कि फिलहाल चारों संदिग्धों में कोरोना के लक्षण देखे गए हैैं। इनका सैंपल जांच को कोलकाता भेजा गया है। बुधवार को इन चारों मरीजों का सैंपल जांच के लिए कोलकाता के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ कोलरा एंड इंटेरिक डिजीज लैब भेजा गया है। जिन संदिग्धों का सैंपल लिया गया है उनमें से रांची के एक दंपती के अलावा पलामू और धनबाद के एक-एक संदिग्ध हैैं।
एहतियात के तौर पर सरकार द्वारा निर्धारित गाइडलाइन का पालन किया जा रहा है। वहीं केंद्र सरकार द्वारा देशभर में हाई अलर्ट जारी करने के बाद राज्य सरकार ने भी विशेष दिशा-निर्देश जारी किए हैं।

रांची एयरपोर्ट पहुंचते ही खुद से 108 एंबुलेंस को फोन किया

पलामू के हैदरनगर निवासी 42 वर्षीय संदिग्ध मरीज चीन के वुहान से दिल्ली एयरपोर्ट पहुंचा। रांची एयरपोर्ट पहुंचते ही खुद से ही 108 एंबुलेंस को बुलाकर रिम्स पहुंचा। दूसरा मरीज धनबाद के सुसानबढिय़ा का रहने वाला है। 21 वर्षीय युवक किसी मोबाइल कंपनी के बुलावे पर चीन के गुआंगजोऊ गया हुआ था। रांची एयरपोर्ट से उसे कोराना के लक्षण की जांच के लिए सीधा रिम्स भेजा गया। वहीं अन्य दो मरीज रांची के दंपति हैं। छुट्टियां बिताने के लिए दोनों इंडोनेशिया गए थे। दोनों पति-पत्नी को शरीर में दर्द, सर्दी व खांसी की शिकायत थी। बुधवार सुबह रांची एयरपोर्ट उतरने के बाद एयरपोर्ट अथॉरिटी द्वारा रिम्स के माइक्रोबायोलॉजी विभाग को सूचना दी गई और संदिग्धों को जांच के लिए रिम्स भेजा गया। सभी को रिम्स के आइसोलेशन वार्ड में रखा गया है।

आइसोलेशन वार्ड में पांच बेड के साथ कमरा भी अलग

कोरोना के सभी संदिग्धों को फिलहाल रिम्स के आइसोलेशन वार्ड में रखा गया है। आइसोलेशन वार्ड में कोरोना वायरस के संदिग्ध के लिए अलग कमरे के साथ पांच बेड की व्यवस्था की गई है। उसी कमरे में इलाज के तमाम इंतजाम किए गए हैं। आइसोलेशन वार्ड में निगेटिव प्रेशर रूम नहीं होने के कारण किसी अन्य लोगों को बगैर एन 95 मास्क के अंदर जाने की अनुमति नहीं दी जा रही है।

राज्य सरकार द्वारा संचालित आवासीय सेंटर के खिलाडिय़ों को अगले आदेश तक नॉनवेज खाना नहीं दिया जाएगा। कोरोना वायरस के दुष्प्रभाव को देखते हुए खेल विभाग ने यह निर्णय लिया है। इस संदर्भ में विभाग द्वारा सभी आवासीय सेंटर को यह आदेश जारी कर दिया गया है। आवासीय सेंटर के अलावा डे बोर्डिंग सेंटर के खिलाडिय़ों को भी इससे बचाने के लिए सख्त कदम उठाने का निर्णय लिया गया है।


विभाग द्वारा सभी सेंटर प्रशिक्षकों को आदेश दिया गया है कि खिलाडिय़ों को सही तरीके से हाथ धुलाए बिना खाना नहीं दिया जाए। प्रतिदिन सभी प्रशिक्षुओं को आधा नींबू का उपयोग अवश्य कराया जाए। खिलाडिय़ों को अगर किसी भी तरह की सर्दी-खांसी होती है, तो उन्हें अविलंब डॉक्टर के पास ले जाएं। जब तक अगला आदेश नहीं मिले, सभी को शाकाहारी भोजन दें।


विभाग ने डे बोर्डिंग सेंटर के प्रशिक्षुओं को इन सारी बातों की जानकारी देने का निर्देश दिया है, ताकि वे अपने घर में इसका इस्तेमाल करें। राज्य में अभी 26 आवासीय सेंटर व 85 डे बोर्डिंग सेंटर संचालित हैं। एक आवासीय सेंटर व डे बोर्डिंग सेंटर में 25 से 30 खिलाड़ी प्रशिक्षण लेते हैं। राज्य खेल समन्वयक व लातेहार जिला खेल पदाधिकारी उमा जायसवाल ने बताया कि विभाग खिलाडिय़ों की सुरक्षा को लेकर पूरी तरह चौकस है। इसी के तहत यह निर्णय लिया गया है।

यूपी के प्रयाग राज में युवक ने मंदिर में दो प्रेमिकाओं की भरी मांग, दोनों युवतियों को पहनाया मंगलसूत्र




न्यूज़ डेस्क। यूपी के प्रयागराज में कर्नलगंज के ढरहरिया इलाके में हुई शादी का एक अजीबोगरीब वीडियो वायरल हो रहा है। इस वीडियो में आप देख सकते हैं कि एक युवक अपनी दो प्रेमिकाओं की मांग में सिंदूर भर रहा है।वीर
वायरल वीडियो में साफ दिख रहा है कि वहां पर मौजूद लोग इस शादी का हिस्सा बनें। वीडियो को सोशल मीडिया पर काफी वायरल किया जा रहा है।वायरल वीडियो

दोनों प्रेमिकाओं से की शादी

जानकारी के मुताबिक बताया जा रहा है कि युवक अपने इलाके की एक लड़की से प्यार करता था। कई सालों से उनकी प्रेम कहानी चल रही थी। लेकिन, कुछ दिन पहले उसकी पहली प्रेमिका ने उसे दूसरे के साथ देखा तो उसने वहां पर हंगामा करना शुरु कर दिया। इतना ही नहीं पहली प्रेमिका ने युवक को धमकी भी दी की अगर वह दूसरी शादी करेगा तो वो जहर खाकर अपनी जान दे देगी। यह मामला इतना बढ़ गया कि युवक ने अपनी पहली प्रेमिका को थप्पड़ मार दिया। पहली प्रेमिका ने इसकी शिकायत पुलिस को दे दी जिसके बाद युवक को मारपीट के आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया।

वहीं, जमानत पर रिहा होने के बाद सोमवार को युवक ने अपनी नई प्रेमिका से शादी करने की बात कही तो उसकी पहली प्रेमिका भी वहां मौजूद हो गई, जिसके चलते मंदिर में जमकर हंगामा हो गया। मंदिर में आसपास के लोगों के साथ युवक के घर वाले भी पहुंच गए। वहीं, सबके सामने युवक ने दोनों प्रेमिकाओं के साथ शादी कर मंगलसूत्र पहनाया।

WHO का कहना है कि जानलेवा कोरोनोवायरस की मृत्यु दर पहले की तुलना में अधिक है: ली ब्राउन



ताज़ा अपडेट: कोरोनोवायरस से मृत्यु दर पहले विचार से अधिक है, विश्व स्वास्थ्य संगठन ने स्वीकार किया है।

"वैश्विक स्तर पर, रिपोर्ट किए गए COVID-19 मामलों में से लगभग 3.4% की मृत्यु हो गई है," संगठन के महानिदेशक, टेड्रोस एडनोम घेब्येयियस ने मंगलवार को कहा - सभी प्रारंभिक भविष्यवाणियों की तुलना में यह अधिक है।

प्रारंभिक रिपोर्टों में मृत्यु दर 2.3 प्रतिशत आंकी गई थी, जबकि न्यू इंग्लैंड जर्नल ऑफ मेडिसिन में पिछले सप्ताह प्रकाशित चीन में वायरस के प्रसार का अध्ययन केवल 1.4% पर भी कम था।

"तुलना करके, मौसमी फ्लू आम तौर पर संक्रमित लोगों के 1% से भी कम को मारता है," टेड्रोस ने कहा, यह कहते हुए कि सीओवीआईडी ​​-19 "अधिक गंभीर बीमारी का कारण बनता है।"

उन्होंने कहा, "जबकि विश्व स्तर पर कई लोगों ने मौसमी फ्लू उपभेदों के लिए प्रतिरक्षा का निर्माण किया है, COVID-19 एक नया वायरस है जिसमें किसी की भी प्रतिरक्षा नहीं है," उन्होंने कहा, मंगलवार को उनकी टिप्पणी के अनुसार 3,110 मौतें दर्ज की गईं।
टेड्रोस ने जोर देकर कहा कि चिकित्सा समुदाय उपचार खोजने के लिए दौड़ रहा है, यह कहते हुए कि "20 से अधिक टीके विकास में हैं।"

"हम समझते हैं कि लोग डरते हैं और अनिश्चित हैं," उन्होंने कहा।

"डर किसी भी खतरे के लिए एक प्राकृतिक मानवीय प्रतिक्रिया है, खासकर जब यह एक खतरा है जिसे हम पूरी तरह से नहीं समझते हैं।"

बांग्लादेश सरकार ने इस्कॉन संतों को भारत में प्रवेश से रोका

चौंकाने वाली खबर 🚨  बांग्लादेश ने 63 इस्कॉन भिक्षुओं को भारत में प्रवेश करने से रोका सभी के पास वैध पासपोर्ट और वीज़ा थे। आव्रज...