Saturday, April 11, 2020

लोगों से आवाहन है कि, पैनिक ना हो, किसी तरह की अफवाह न फैलाये, ना ही अफवाहों पर विश्वास करे - डीसी कोडरमा




कोडरमा// श्री रमेश घोलप, उपायुक्त, कोडरमा ने कहा कि कोडरमा सदर अस्पताल में भर्ती एक मरीज कोरोना पॉसिटिव पाया गया है। यह व्यक्ति गिरिडीह जिले के राजधनवार प्रखंड से है। मरीज को विशेष कोविड अस्पताल (होली फैमिली) में स्थानांतरित करते हुये इलाज शुरू कर दिया गया है। लोगों से आवाहन है की, पैनिक ना हो। किसी तरह की अफवाह न फैलाये ना ही अफवाहों पर विश्वास करे। घरों में रहे। जीवनावश्यक वस्तूओं को खरीदने का बहाना बनाकर हर दिन घर से बाहर न निकले।अपनी आदतों में परिवर्तन करते हुये दूध, सब्जी आदी के लिये 3-4 दिन में एकबार ही घर से बाहर निकले। सामाजिक अलगाव (social distancing) का पालन करे। दो व्यक्तियों में कम से कम 2 मीटर की दूरी रखे। घर में और घर से बाहर निकलते समय मास्क (घर में कपडे को 3-4 फ़ोल्ड करके बनाया हुआ भी कारगर होगा) जरूर पहने। किसी भी व्यक्ति को कोरोना के प्राथमिक लक्षण जैसे खाँसी, बुखार, साँस लेने मे तकलिफ आदी है तो जरूर नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र या सदर अस्पताल में संपर्क करे। सहिया, सेविका और सर्विलांस टीम के सदस्य आपके घर आकर जानकारी ले रहे है तो उनको सहयोग करे और सही जानकारी दे।प्रशासन पूरी तरह से सतर्क है। आम जनों से भी सतर्कता और सजगता अपेक्षित है।"
*-रमेश घोलप*
*उपायुक्त, कोडरमा।*

लोगों से आवाहन है की, पैनिक ना हो। किसी तरह की अफवाह न फैलाये ना ही अफवाहों पर विश्वास करे - डीसी कोडरमा




कोडरमा// श्री रमेश घोलप, उपायुक्त, कोडरमा ने  कहा कि कोडरमा सदर अस्पताल में भर्ती एक मरीज कोरोना पॉसिटिव पाया गया है। यह व्यक्ति गिरिडीह जिले के राजधनवार प्रखंड से है। मरीज को विशेष कोविड अस्पताल (होली फैमिली) में स्थानांतरित करते हुये इलाज शुरू कर दिया गया है। लोगों से आवाहन है की, पैनिक ना हो। किसी तरह की अफवाह न फैलाये ना ही अफवाहों पर विश्वास करे। घरों में रहे। जीवनावश्यक वस्तूओं को खरीदने का बहाना बनाकर हर दिन घर से बाहर न निकले।अपनी आदतों में परिवर्तन करते हुये दूध, सब्जी आदी के लिये 3-4 दिन में एकबार ही घर से बाहर निकले। सामाजिक अलगाव (social distancing) का पालन करे। दो व्यक्तियों में कम से कम 2 मीटर की दूरी रखे। घर में और घर से बाहर निकलते समय मास्क (घर में कपडे को 3-4 फ़ोल्ड करके बनाया हुआ भी कारगर होगा) जरूर पहने। किसी भी व्यक्ति को कोरोना के प्राथमिक लक्षण जैसे खाँसी, बुखार, साँस लेने मे तकलिफ आदी है तो जरूर नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र या सदर अस्पताल में संपर्क करे। सहिया, सेविका और सर्विलांस टीम के सदस्य आपके घर आकर जानकारी ले रहे है तो उनको सहयोग करे और सही जानकारी दे।प्रशासन पूरी तरह से सतर्क है। आम जनों से भी सतर्कता और सजगता अपेक्षित है।"
*-रमेश घोलप*
     *उपायुक्त, कोडरमा।*

हजारीबाग के विष्णुगढ़ में पंचायतों को जोर शोर से किया जा रहा सैनेटाईज


श्री प्रसाद सोनी
।#विष्णुगढ़ पंचायत में मुखिया श्री संजय प्रसाद ,पंचायत सचिव श्री संजय दूबे और सभी वार्ड सदस्यो सहित दस सदस्यीय दल के साथ और ग्रामीणों ने मिलकर पंचायत को सैनेटाईज करवाने का काम किया। जिसमें मुख्य रूप से बिष्णुगढ़ पंचायत के पूर्व पंचायत समिति सदस्य श्री मनोज पासवान,पंचायत स्वंय सेवक रणधीर कुमार, ग्रमीण बालगोबिंद राम, राजू रवानी, निरंजन सोनी, अंगद राणा, सुधीर राम, अशोक वर्मण,अनुप कसेरा,विकास सोनी इत्यादि ने मुख्य रूप से बिष्णुगढ़ पंचायत को कोरोना मुक्त बनाने का संकल्प लिया।
साथ ही पूरे देश से कोरोना को भगाने के लिए पूरे जोर शोर से ग्रामीणो के बीच जागरूकता फैलाने का प्रयास कर रहे हैं।

हजारीबाग का विष्णुगढ़ में पंचायतों को जोर शोर से किया जा रहा सैनेटाईज


श्री प्रसाद सोनी
।#विष्णुगढ़ पंचायत में मुखिया श्री संजय प्रसाद ,पंचायत सचिव श्री संजय दूबे और सभी वार्ड सदस्यो सहित दस सदस्यीय दल के साथ और ग्रामीणों ने मिलकर पंचायत को सैनेटाईज करवाने का काम किया। जिसमें मुख्य रूप से बिष्णुगढ़ पंचायत के पूर्व पंचायत समिति सदस्य श्री मनोज पासवान,पंचायत स्वंय सेवक रणधीर कुमार, ग्रमीण बालगोबिंद राम, राजू रवानी, निरंजन सोनी, अंगद राणा, सुधीर राम, अशोक वर्मण,अनुप कसेरा,विकास सोनी इत्यादि ने मुख्य रूप से बिष्णुगढ़ पंचायत को कोरोना मुक्त बनाने का संकल्प लिया।
साथ ही पूरे देश से कोरोना को भगाने के लिए पूरे जोर शोर से ग्रामीणो के बीच जागरूकता फैलाने का प्रयास कर रहे हैं।

प्राइवेट स्कूलों के संचालकों व शिक्षकों की आर्थिक स्थिति दयनीय,स्कूलों को खोलने एवं चुनावी वादे अनुसार बेरोजगारी भत्ते की मांग

रांची।
झारखंड गैर सरकारी स्कूल संचालक संघ ,झारखंड, राँची केंद्रीय अध्यक्ष श्री राम प्रकाश तिवारी ने प्रेस बयान जारी करते हूए झारखंड राज्य के माननीय मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन जी,शिक्षा मंत्री श्री जगरनाथ महतो और स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग,झारखंड सरकार के प्रधान सचिव श्री अमरेंद्र प्रताप सिंह से मांग करते हुए कहा है कि झारखंड राज्य में लगभग पैंतालीस हजार छोटे छोटे प्ले प्राइवेट स्कूल, और प्राइमरी-मिडिल-हाई प्राइवेट स्कूलो में कार्यरत लगभग साढ़े आठ लाख शिक्षको,शिक्षिकाओं,कर्मचारियों के सामने कोरोना वायरस महामारी के कारण केंद्र सरकार एवं झारखंड सरकार द्वारा दिनांक-24.03.2020 को पूर्ण लाँकडाउन करने और प्राइवेट स्कूलो को बन्द करने के आदेश के बाद कुल सत्रह दिनो तक स्कूल बन्द होने से आर्थिक स्थिति दयनीय हो गई है कारण स्कूल संचालकों का हजारों, लाखों रूपया शुल्क अभिभावकों के पास बकाया रहने से उनकी आर्थिक स्थिति खराब हो गई है जिसके कारण शिक्षकों-शिक्षिकाओं, कर्मचारियों को वेतन के साथ स्कूल भवन,मैदान का किराया, बिजली बिल का भुगतान नहीं कर पा रहे है और अपने परिवार के जीविकोपार्जन नहीं कर पा रहे है। झारखंड सरकार से संघ मांग करती है कि 1. उपयुक्त सभी बकाया का भुगतान करने के लिए झारखंड सरकार तत्काल राज्य के लगभग पैंतालीस हजार छोटे छोटे, मध्यम प्राइवेट स्कूलो को राहत देने हेतु वित्तीय आर्थिक सहायता अनुदान प्रदान करें।
2. झारखंड राज्य में पूर्ण लाँकडाउन के कारण बन्द छोटे छोटे हजारों प्राइवेट स्कूलो और सरकारी स्कूलो में पढ़ने वाले लाखों आदिवासी, दलित, पिछड़े,अल्पसंख्यक, उच्च वर्गों के गरीब बच्चों-बच्चियों(छात्रो-छात्राओं)की पढ़ाई ठप्प होने से उनके भविष्य ,पढ़ाई चौपट हो रही है और लाखों गरीब परिवार के घरो में कम्प्यूटर ,नेंट की सुविधा नहीं है आँनलाइन पढाई कैसे होगी ?
झारखंड सरकार से संघ मांग करते है झारखंड राज्य में ग्रामीण क्षेत्रों, कस्बों,छोटे शहरो,या बड़े शहरों में कोरोना महामारी का प्रकोप नहीं है साफ- सफाई,मास्क लगाकर एक मीटर की क्रमानुसार दूरी पर बच्चों-बच्चियो को बैठाकर खुले मेंदान,कमरों में पढ़ने हेतु कुछ शर्तों पर लाँकडाउन हटाने और स्कूल खोलने और पढ़ाई शुरू कराई जाये।
3.कोरोना वायरस का संक्रमण जिन क्षेत्रों में फैला है वहाँ लाँकडाउन जारी रखा जाये। सभी गाँवो ,शहरों की गली मुहल्लों में रसायनिक छिड़काव और सफाई अभियान चलाया जाये और गांवों-शहरो में आम नागरिकों की मदद से व्यापक सफाई, स्वस्थ्यता अभियान चलाया जाये।
4.कोरोना वायरस से बचाने के लिए सभी नागरिकों को मलेरिया प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने का टीका लगाने हेतु व्यापक अभियान शुरू किया जाये।ताकि संक्रमण की संभावना कम हो।
5. कोरोना वायरस के संक्रमण से पीड़ित नागरिकों को चिन्हित करने हेतु सभी घरो में डाक्टरों, मेडिकल टीम द्वारा जाँच कराया जाये।जो कोरोना पीड़ित है छिपे हूए अपनी बिमारी छिपा रहे है और जानबुझकर कोरोना वायरस आम नागरिकों की जान माल का नुकसान पहुंचाने हेतु कोरोना वायरस का प्रसार कर रहे है उनके खिलाफ साक्ष्य मिलने पर भारतीय दण्ड संहिता धारा 307,302,120बी एवं देशद्रोह के तहत् प्राथमिक दर्ज करके जेल में भेजकर जेल अस्पताल में उनका इलाज किया जाये।
झारखंड सरकार यह सुनिश्चित करे कि जिस गांव,शहर की गली मुहल्लों में कोरोना वायरस नहीं फैला है वहाँ बाहरी लोगों के प्रवेश पर रोक लगाकर गली मुहल्लों में स्थित प्राइवेट/सरकारी स्कूलो में मास्क लगाकर बारी बारी कक्षाओ की पढ़ाई शुरू कराया जाये।
श्री राम प्रकाश तिवारी ने झारखंड सरकार से यह भी मांग किया सभी प्राइवेट स्कूलो के शिक्षकों, शिक्षिकाओं, कर्मचारियों और सभी शिक्षित बेरोजगारों को अपने चुनावी वादे अनुसार प्रति माह सात हजार रूपये का बेरोजगारी भत्ता का भुगतान 1 जनवरी 2020 से 31 मार्च 2020 तक कुल तीन माह का 21,000/- भुगतान करने की तत्काल कार्रवाई करें।सरकार ने अभी तक एक रूपया बेरोजगारी भत्ता बेरोजगारों को नहीं दिया है जो दुखद् है।

वहीं झारखंड गैर सरकारी विद्यालय संघ के अध्यक्ष मो. ताहिर हुसैन ने भी पीएम एवं सीएम सहित कई मंत्रियों को त्वित्त किया है। इस ट्वीट में मांग की गई है कि
ट्वीट में बताया गया है कि कोरोना वायरस के संक्रमण से बचाव हेतु संपूर्ण देश में भारत सरकार एवं राज्य सरकारों द्वारा लॉकडाउन किया गया है, जिसके कारण संपूर्ण देश में सभी विद्यालय व महाविद्यालय पूर्ण रुप से बंद हैं। ऐसी परिस्थिति में वैसे निजी विद्यालय जिन्हें सरकार द्वारा किसी प्रकार का कोई अनुदान अथवा वित्तीय सहायता नहीं मिलता है, वह पूर्ण रूप से विद्यार्थियों से मिलने वाले फीस की राशियों पर निर्भर रहते हैं । ऐसे विद्यालयों में कार्यरत शिक्षक व शिक्षकेतर कर्मी ही वास्तव में समाज सेवा एवं राष्ट्र सेवा में अपना समर्पण एवं त्याग की एक आदर्श भूमिका निभाते हैं, क्योंकि इन विद्यालयों में कार्यरत शिक्षक एवं शिक्षकेत्तर कर्मी उच्च योग्यताधारी एवं दक्ष रहने के बावजूद भी रिक्तियों के अभाव में सरकारी नौकरिया नहीं मिलने के कारण 3 से 8 हजार रुपये तक मासिक मानदेय पर नौकरी कर रहे हैं तथा राष्ट्र निर्माण में अपना महत्वपूर्ण योगदान दे रहे हैं।

उपायुक्त ने डुमरी प्रखंड के विभिन्न दीदी किचन व दाल-भात केंद्र का किया औचक निरीक्षण


उपायुक्त ने किया विभिन्न जन वितरण प्रणाली का निरीक्षण...*
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*सभी जरूरतमंदों के बीच सोशल डिस्टेंसिंग का अनुपालन करते हुए किया गया खाद्य सामग्री का वितरण..*

स्वच्छता के साथ-साथ सोशल डिस्टेंसिंग का रखें विशेष ख्याल...

#गिरिडीह।वैश्विक महामारी घोषित हो चुकी कोरोनावायरस के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए देशव्यापी लॉकडाउन किया गया है। लॉकडाउन की अवधि में जिले के गरीब, असहाय एवं निर्धन परिवारों को दीदी किचन व दाल-भात केंद्र के जरिए भोजन कराए जाने व्यवस्था का उपायुक्त द्वारा औचक निरीक्षण कर वस्तुस्थिति का अवलोकन किया गया। तथा प्रखंड के विभिन्न जन वितरण प्रणाली का भी मुआयना किया गया।

*भोजन की गुणवत्ता का रखें विशेष ध्यान...*

निरीक्षण के क्रम में उपायुक्त के द्वारा डुमरी प्रखंड अंतर्गत विभिन्न ने दीदी किचन व दाल-भात केंद्रों में जिले के गरीब, असहाय एवं जरूरतमंद लोगों को कराए जा रहे भोजन की गुणवत्ता की जानकारी तथा साफ सफाई का जायजा लिया गया। इसके अलावा केंद्र में सैनिटाइजर तथा साबुन की उपलब्धता तथा साफ-सफाई का भी मुआयना किया गया। उपायुक्त के द्वारा केंद्र में कार्यरत कर्मियों को निर्देशित किया गया कि भोजन कराते समय सोशल डिस्टेंसिंग का अनुपालन करना सुनिश्चित करेंगे तथा साफ-सफाई का भी विशेष ख्याल रखेंगे।

*JSLPS के दीदियों के द्वारा निर्मित मास्क एवं सेनिटाइजर का अवलोकन...*

इसके अलावा उपायुक्त के द्वारा प्रखंड में जेएसएलपीएस के कर्मियों के द्वारा बनाए जा रहे हैं मास्क एवं सेनिटाइजर का अवलोकन किया गया। तथा कर्मियों को निर्देश दिया गया कि मास्क एवं सेनिटाइजर तैयार करने के साथ-साथ साफ-सफाई तथा सोशल डिस्टेंसिंग का अनुपालन करेंगे।
ज्ञात हो कि स्वयं सहायता समूह के सहयोग से JSLPS के दीदियों के द्वारा करीब 80 हजार मास्क तथा 60 हजार के करीब सेनिटाइजर तैयार कर जिले एवं प्रखंड सहित विभिन्न पुलिस थानों, अस्पतालों, कोरेनटाइन सेंटर तथा विभिन्न कार्यालयों में वितरण किया जा चुका है। इसके अलावा JSLPS के दीदियों के द्वारा और एक लाख मास्क तथा एक लाख सेंटाइजर तैयार किया जा रहा है।

*उपायुक्त ने किया गरीब व असहाय परिवारों के बीच खाद्य सामग्रियों का वितरण....*

निरीक्षण के क्रम में उपायुक्त के द्वारा जिले के गरीबों असहाय परिवारों के बीच खाद्य सामग्रियों का वितरण किया गया। लॉकडाउन की अवधि में बाहर से आ रहे हैं या जिले के गरीबों असहाय परिवारों को भूखा पेट ना रहना पड़े, इसे लेकर जिला प्रशासन कटिबद्ध है। इसी के मद्देनजर आज उपायुक्त के द्वारा डुमरी प्रखंड के विभिन्न हिस्सों में डोर टू डोर खाद्य सामग्री यथा चूड़ा, गुड व चना तथा अन्य खाद्य सामग्रियों का वितरण किया गया। इस दौरान उपायुक्त के द्वारा गरीब व असहाय परिवारों की जानकारी ली गई तथा उनसे घर में रहने की अपील की गई। साथ ही सामाजिक दूरी का अनुपालन करने का अनुरोध किया गया

*विभिन्न जन वितरण प्रणाली का निरीक्षण...*

 इसके अलावा उपायुक्त के द्वारा विभिन्न जन वितरण प्रणाली का निरीक्षण किया गया तथा वस्तुस्थिति का जायजा लिया गया। निरीक्षण के क्रम में उपायुक्त के द्वारा स्थानीय ग्रामीणों की शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई करते हुए नागाबाद पंचायत के पीडीएस डीलर वासुदेव मंडल के संबंध में जिला आपूर्ति पदाधिकारी को जांचोपरांत निलंबन करने की कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। 

*क्वॉरेंटाइन सेंटर का निरीक्षण...*

उपायुक्त के द्वारा डुमरी प्रखंड के विभिन्न क्वॉरेंटाइन सेंटर का निरीक्षण किया गया। इस दौरान क्वॉरेंटाइन सेंटर में उपलब्ध मूलभूत सुविधाओं का जायजा लिया गया तथा केंद्रों का अवलोकन कर वस्तुस्थिति की जानकारी ली गई। तथा कोरोना वायरस के संदिग्ध व्यक्तियों के लिए जांच, उपचार, रखरखाव व अन्य मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता सहित स्वच्छता व्यवस्था आदि की पूरी जानकारी ली गई तथा अधिकारियों को आवश्यक दिशा निर्देश दिया गया। उपायुक्त के दौरान निदेशित किया गया कि समय-समय पर को क्वॉरेंटाइन केंद्रों का साफ सफाई करना सुनिश्चित करेंगे तथा 
क्वॉरेंटाइन केंद्र में सोशल डिस्टेंसिंग का अनुपालन करेंगे। इसके अलावा क्वॉरेंटाइन सेंटर की नियमित साफ-सफाई बिजली एवं शुद्ध पेयजल की व्यवस्था करना सुनिश्चित करेंगे। तथा कोरोना वायरस के संक्रमण को फैलने से रोकने हेतु साफ-सफाई और सैनिटाइजेशन करवाना सुनिश्चित करेंगे। इसके अलावा उपायुक्त के द्वारा डुमरी प्रखंड के बेहरा सुइयांडीह कोरेनटाइन केंद्र का निरीक्षण किया गया। यहां पर 12 लोग कोरेनटाइन में है। उपायुक्त ने उनसे बातें की उन लोगों ने बताया कि वे सीवान, बिहार से है। और 10 दिनों से इस 
कोरेनटाइन केंद्र में है। यहां पर सारी मूलभूत सुविधाएं प्राप्त हो रही है। उन्हे किसी भी प्रकार की कोई परेशानी नहीं है। 

Friday, April 10, 2020

कोरोना संक्रमण की इस लड़ाई में जनप्रतिनिधियों की भूमिका महत्वपूर्ण : हेमन्त सोरेन, मुख्यमंत्री




मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कोरोना संक्रमण के मद्देनजर राज्य की वर्तमान स्थिति पर सभी सांसदों/विधायकों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये मैराथन बैठक की।
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मुख्यमंत्री ने सभी जिला प्रशासन को स्थानीय सांसदों, विधायकों के साथ जल्द बैठक आयोजित कर समन्वय स्थापित करने का निर्देश दिया।

प्रवासी मजदूरों को राज्य सरकार जल्द डीवीटी के माध्यम से सहायता राशि उपलब्ध कराएगी

★ कोविड-19 के आगे की लड़ाई के लिए मानसिक रूप से तैयार रहने की जरूरत
       
        -- हेमन्त सोरेन, मुख्यमंत्री

#रांची :देश एवं राज्य में कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों को देखते हुए झारखंड सरकार पूरी तरह एक्टिव मोड पर है। मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने राज्य में कोरोना वायरस महामारी के दुष्प्रभाव को देखते हुए राज्य के सभी सांसद एवं सभी विधायकों के साथ झारखंड मंत्रालय से आज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए एक उच्चस्तरीय मैराथन बैठक की। मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि संकट की इस घड़ी में राज्य सरकार सीमित संसाधनों के साथ गरीबों की सहायता में जुटी है। इस विकट परिस्थिति में सांसद, विधायक सहित अन्य जनप्रतिनिधियों की भूमिका अहम और महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधि सीधे ग्रामीणों से जुड़े रहते हैं उनकी शिकायतों, दिक्कतों और परेशानियों से वे अवगत रहते हैं। इस समय हम सभी को एकजुट होकर राज्य की जनता को राहत देना है। मुख्यमंत्री ने कहा कि जनप्रतिनिधियों का यह कर्तव्य बनता है कि वर्तमान परिस्थिति में राज्य सरकार द्वारा जो भी कार्य किए जा रहे हैं उसका पूरा लाभ आम जनता को मिले यह सुनिश्चित कराने में वे अपनी भूमिका निभाए।

*राज्य के 24 जिलों में से 22 जिलों के तीन सांसद श्री विद्युतवरण महतो, श्रीमती गीता कोड़ा एवं राज्यसभा सांसद श्री समीर उरांव सहित 65 विधायकों से मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए सीधा संवाद किया। सभी सांसदों और विधायकों ने मुख्यमंत्री के नेतृत्व में कोरोना संक्रमण को लेकर राज्य में किए जा रहे कार्य की सराहना की।* जनप्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री दीदी किचन योजना को गांव गांव में शुरू करने का सुझाव रखा।

*प्रवासी मजदूरों को राज्य सरकार डीबीटी के माध्यम से जल्द सहयोग राशि भेजेगी*

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि बड़ी संख्या में झारखंड के मजदूर देश के विभिन्न राज्यों में लॉकडाउन के चलते फंसे हैं। इन प्रवासी मजदूरों को राहत पहुंचाने के लिए राज्य सरकार हरसंभव आवश्यक कदम उठा रही है। जल्द ही राज्य के बाहर फंसे मजदूरों को सरकार डीबीटी के माध्यम से उनके बैंक अकाउंट में सहयोग राशि उपलब्ध कराएगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस संबंध में विभागीय पदाधिकारियों को निर्देशित किया जा चुका है कि जल्द से जल्द एक ऐसा मैकेनिज्म डेवेलप करें जिससे इन प्रवासी मजदूरों का सारा डिटेल लेकर उन्हें राशि उपलब्ध कराया जा सके।

*सांसद एवं विधायक सरकार द्वारा चलाए जा रही योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने में सहयोग दें।*

मुख्यमंत्री ने सभी सांसदों एवं विधायकों से उनके क्षेत्रों में चल रहे राहत कार्यों की प्रगति के संबंध में विस्तृत चर्चा की। साथ ही उन्होंने यह भी जाना कि राहत कार्य कितनी प्रभावी ढंग से किए जा रहे है। सभी सांसदों एवं विधायकों ने मुख्यमंत्री को अपने अपने क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों की जानकारी दी। साथ ही कोरोना संक्रमण से कैसे निपटा जाय इस संबंध में अपने अनुभवों को साझा किया एवं आवश्यक सुझाव भी मुख्यमंत्री के समक्ष रखे। मुख्यमंत्री ने सरकार की ओर से चलाये जा रहे राहत कार्य से संबंधित सभी योजनाओं के बारे में उन्हें विस्तार से बताया। मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने सभी सांसदों एवं विधायकों से कहा कि वे सुनिश्चित करें कि कोरोना संक्रमण के चलते लागू लॉकडाउन के दौरान आम जनता को सरकार की सभी योजनाओं का लाभ मिले। *लोंगों को मुख्यमंत्री दाल भात योजना, मुख्यमंत्री दीदी किचन योजना, थानों में खाने की व्यवस्था का लाभ मिले यह सुनिश्चित कराएं। पीडीएस दुकानों से राशन मिलने में कोई दिक्कत न हो यह भी सुनिश्चित करें। नियमित तौर पर राशन उठाव और राशन वितरण का निरीक्षण करें और कोई अनियमितता या समस्या आने पर सरकार को सूचित करें।* मुख्यमंत्री ने कहा कि इन सभी  का जनप्रतिनिधि स्वयं मॉनिटरिंग करें। विपदा की इस घड़ी में अगर कोई राशन डीलर किसी तरह की अनियमितता बरतता है तो उस पर अविलंब कानूनी कार्रवाई की जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि जनप्रतिनिधि स्वयं राशन दुकानों में जा कर राशन बटवाएं ताकि लोगों को कालाबाजारी करने के लिए सोचना पड़े। जो कालाबाजारी करने की कोशिश करता है उसकी शिकायत दर्ज कराएं।

*जिला प्रशासन एवं जनप्रतिनिधि आपसी समन्वय स्थापित करें*

मुख्यमंत्री ने कहा कि जिला प्रशासन स्थानीय सांसदों और विधायकों के साथ-साथ सभी जनप्रतिनिधियों के साथ बैठक आयोजित कर समन्वय स्थापित करें ताकि सरकार की योजनाओं को धरातल तक पहुंचाने में सहूलियत हो सके। उन्होंने कहा कि कई बार समन्वय की कमी होने के कारण चीजें गड़बड़ होने लगती हैं। कम्युनिकेशन गैप नहीं हो यह सुनिश्चित कराएं।

*सब्जी ट्रांसपोर्टेशन के लिए वाहनों को किसी प्रकार के पास की आवश्यकता नहीं*

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि ऐसी शिकायतें आ रही हैं कि सब्जी  ट्रांसपोर्टेशन वाले वाहनों को शहर के बाजारों तक घुसने नहीं दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सब्जी ढोने वाले वाहनों पर किसी प्रकार की रोक नहीं लगाई गई है। सब्जी लदे वाहनों की सुगमता के लिए हर संभव प्रयासरत रहें। उन्हें किसी प्रकार के पास या लाइसेंस की जरूरत नहीं है। किसानों के हितों को देखते हुए उन्हें आने जाने के संबंध में किसी प्रकार की रुकावट नहीं होनी चाहिए।

*दूध नष्ट ना करें किसान, बल्कि घी बनाएं*

मुख्यमंत्री ने पशुपालक किसानों से आग्रह किया है कि ऐसी खबरें आ रही है कि किसान दूध को नष्ट कर दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह सत्य है कि पशुपालकों को लौक डाउन की अवधि में काफी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। परंतु किसान भाइयों से आग्रह करता हूं कि वे दूध नाली में गिराकर या फेंक कर नष्ट न करें बल्कि दूध से घी बनाने का कार्य करें।

*राज्य सरकार मेडिकल संसाधनों को बढ़ाने में दे रही है जोर*

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार मेडिकल इक्विपमेंट्स बढ़ाने को लेकर सतत प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि थर्मल इस्कैनर, पीपीई  किट सहित अन्य मेडिकल संसाधन उपलब्ध कराने के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध है निरंतर इस ओर कार्य किया जा रहा है।

*जांच केंद्र और वेंटिलेटर उपलब्ध कराने में केंद्र सरकार से भी किया गया है अनुरोध*

मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन ने कहा कि राज्य में जांच केंद्र बढ़ाने एवं वेंटिलेटर उपलब्ध कराने के लिए केंद्र सरकार से भी अनुरोध किया जा चुका है। जांच केंद्र बढ़ाने के लिए केंद्र सरकार की सहमति अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रयासरत है कि जितनी जल्द हो सके अधिक से अधिक मात्रा में वेंटिलेटर उपलब्ध हो ताकि जिलों में कोरोना पॉजिटिव मरीजों का इलाज गुणवत्ता पूर्ण तरीके से हो सके। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार जांच बढ़ाने के लिए भी प्रयासरत है।

*आगे की लड़ाई के लिए मानसिक रूप से तैयार रहने की जरूरत*

वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि कोविड-19 जैसे संक्रमण से निपटने के लिए हमें आगे भी मानसिक रूप से तैयार रहने की जरूरत है। कोरोना संक्रमण की इस लड़ाई में राज्य की जनता एवं जनप्रतिनिधियों का आपसी समन्वय होना बहुत ही आवश्यक है। राज्य सरकार के साथ-साथ सभी को इस लड़ाई में अपनी महती भूमिका निभानी पड़ेगी।

*सरकारी एवं निजी अस्पतालों में कोरोना के साथ-साथ अन्य बीमारियों की भी इलाज में कोई कमी न रहे*

मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसी शिकायतें आयी हैं कि कोरोना वायरस की तैयारी में अस्पतालों में अन्य बीमारियों को लेकर मरीजों को कुछ दिक्कतें आई हैं। अन्य बीमारियों से जूझ रहे लोगों को गुणवत्तापूर्ण इलाज में कोई कमी ना रहे यह भी सुनिश्चित कराएं। सरकारी अस्पताल हो या निजी अस्पताल सभी अस्पतालों में मरीजों की देखरेख पहले जैसा ही हो, यह तय करें।

*लॉक डाउन खुलने के बाद बड़ी संख्या में प्रवासी मजदूर लौटेंगे राज्य, जांच व्यवस्था दुरुस्त रखने की जरूरत*

मुख्यमंत्री ने कहा कि लॉकडाउन खुलने के बाद बड़ी संख्या में दूसरे राज्यों में काम करने गए मजदूर झारखंड लौटेंगे। ऐसी स्थिति में उन सभी मजदूरों की जांच मुकम्मल हो ऐसी व्यवस्था हमें बनाकर रखनी है। व्यवस्था बनाने में हमें अभी से ही मिशन मोड में तैयारी करने की जरूरत है। इसमें किसी प्रकार की कोताही नहीं बरती जाए यह सुनिश्चित करें

जिनके पास राशन कार्ड नहीं उन्हें भी राशन उपलब्ध कराएं

मुख्यमंत्री ने कहा कि वैसे परिवार जिनके पास राशन कार्ड नहीं है। उन्हें भी सरकार द्वारा राशन देने का निर्देश दिया गया है। परंतु शिकायतें  आ रही हैं कि उन्हें राशन कहां से प्राप्त होगा इसकी जानकारी नहीं है। जन प्रतिनिधि प्रखंड पदाधिकारियों के साथ समन्वय बनाकर एक ऐसा स्थान चिन्हित करें जहां से बिना कार्ड धारी लोगों को भी राशन सुगमता पूर्वक उपलब्ध कराया जा सके।

गरीब, असहाय,मजदूरों के प्रति जनप्रतिनिधि रखें संवेदना

मुख्यमंत्री ने विधायकों से कहा कि वे गरीब, मजदूर, असहाय, सड़क किनारे जीवन गुजर बसर करने वाले लोगों के प्रति संवेदना रखते हुए उन्हें पर्याप्त और गुणवत्तापूर्ण भोजन उप्लब्ध कराने में अपना पूरा सहयोग करें। मुख्यमंत्री ने विधायकों से कहा कि संकट के इस घड़ी में कोई भी व्यक्ति भूखा नहीं रहे यह हम सभी का कर्तव्य है। मुख्यमंत्री ने सभी जनप्रतिनिधियों से सेवा और समर्पण भाव से कार्य करने का आग्रह किया। 

सरकार के निर्देशों का सख्ती से पालन करें लोग यह सुनिश्चित कराएं

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के बाहर से आने वाले एक-एक व्यक्ति पर नजर रखी जा रही है। बाहर राज्य से आने वाले व्यक्ति अथवा एक जिले से दूसरे जिले में प्रवेश करने वाले प्रत्येक व्यक्ति का स्वास्थ्य जांच अनिवार्य किया गया है। उन्होंने कहा कि आम जनता को लॉक डाउन का सख्ती से अनुपालन करने के लिए उन्हें जागरूक करें। इस समय सुरक्षा ही बचाव है।

बाहर से आए लोगों की हो रही है सघन जांच और स्क्रीनिंग

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि जो भी लोग राज्य के बाहर से आए हैं उनकी सघन जांच और स्क्रीनिंग करायी जा रही है। गांव के लोग भी बाहर से आने वाले लोगों को क्वॉरेंटाइन में रखने के काम में सहयोग दे रहे हैं। सभी जन प्रतिनिधि  इस समय में एकजुट होकर अपना पूरा सहयोग कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि हमारे चिकित्सक, पारा मेडिकल स्टाफ, नर्सेस के साथ-साथ पुलिस पदाधिकारी, प्रशासन, सभी जिला प्रशासन के लोग, झारखंड की समस्त जनता के सुरक्षा एवं सहयोग के लिए अपना दायित्व का निर्वहन कर रहे हैं। 

मुख्यमंत्री ने सांसदों और विधायकों के सुझाव को सराहा

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज के आपके सुझाव भी काफी महत्वपूर्ण हैं, उसे क्रियान्वित करने के लिये राज्य सरकार के सभी विभाग आवश्यक कदम उठायेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना संक्रमण की जानकारी मिलते ही हमलोगों ने आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी थी। कोरोना संक्रमण को देखते हुये सोशल डिस्टेंसिंग को अपनाया गया। संक्रमण से बचाव के लिए सरकार के स्तर पर हर एहतियाती कदम उठाये गये हैं। इन एहतियीती कदमों का अनुपालन ही हमें इस विकट परिस्थिति से निकाल सकता है। सभी लोगों को आत्मविश्वास बनाए रखना है।

वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में सभी सांसदों और विधायकों ने मुख्यमंत्री के समक्ष अपने विचार, सुझाव और आगे की तैयारी को लेकर अपनी अपनी राय रखी।* मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने विश्वास जताया कि हम सब मिलकर कोरोना वायरस की चुनौती का सफलतापूर्वक सामना करने में सक्षम होंगेमुख्यमंत्री ने राज्यवासियों से अपील किया है कि सब लोग अपने घर के अंदर रहें। अनावश्यक रूप से बाहर न निकलें, पैनिक न हों। जरूरत के सामानों की कमी नहीं है। पूरी व्यवस्था मुकम्मल है। लॉकडाउन का सख्ती से पालन करें।

इस अवसर पर राज्य के मुख्य सचिव श्री सुखदेव सिंह, अपर मुख्य सचिव श्री अरुण कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव श्री राजीव अरुण एक्का, प्रधान सचिव श्री नितिन मदन कुलकर्णी, सचिव श्री अमिताभ कौशल, डीजीपी श्री एमवी राव, मुख्यमंत्री के ओएसडी श्री गोपालजी तिवारी, मुख्यमंत्री के प्रेस सलाहकार श्री अभिषेक प्रसाद, मुख्यमंत्री के वरीय आप्त सचिव श्री सुनील श्रीवास्तव उपस्थित थे।

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