Sunday, June 16, 2019

पाकुड़ :कुपोषण की शिकार 10 वर्षीया बामनी को है किसी मसीहा का इंतजार अपनी समुचित इलाज के लिए

 इस बच्चे को यथाशीघ्र पाकुड़ सदर अस्पताल लाने हेतु संवेदनशील व्यक्ति प्रयास करें । आपके प्रयास से किसी की जिंदगी बच सकती है......

बामिनी की जान खतरे में मदद के लिए लगाई गुहार



पाकुड़ ၊  एक तरफ जहां कुपोषित बच्चों को खोज कर लाया जाता है और सदर अस्पताल में उसकी पूरी व्यवस्था है ၊ वहीं दूसरी ओर 10 वर्षीय बच्ची बामनी अपनी समुचित इलाज के लिए किसी मसीहा की बाट जोह रही है। लगभग अचेत अवस्था में पड़ी बामणी की परिस्थिति बहुत गंभीर है। सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार आदिमजन जाति पहाड़िया बच्ची बामनी पहाड़िन ।पिछले लगभग एक माह से बीमारी की मार झेल रही है ၊ अब वह इलाज के अभाव में मौत की कगार पर पहुंच गई है । बीमार बामनी की उम्र लगभग दस से बारह बर्ष की होगी ।बामनी के माता पिता अब इस दुनिया में नहीं हैं ।बामनी पाकुड़ जिले के अमड़ापाड़ा प्रखंड़ के सिंगारसी पंचायत के गांव गौरपाड़ा स्थित मध्य बिद्धालय के पास अपने दादा बमना पहाड़िया के साथ रहती है ।बिमार बामनी के दादा की स्थिति अच्छी नहीं होने की वजह वे अपनी बीमार पोती का इलाज कराने में असर्मथ हैं । आसपास के लोग कम पढ़े लिखे होने के कारण उसकी कोई मदद नहीं कर सक रहे हैं। यदि एंबुलेंस भेजकर उसकी इलाज शुरू किया जाए तो उनकी जीवन रक्षा की जा सकती है। आवश्यकता है समाज के ऐसे प्रतिष्ठित लोग या संस्था , या मसीहा की जो उसकी सहयोग कर सकें।

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